
जन एक्सप्रेस/कानपुर। जाजमऊ थाना क्षेत्र से एक बड़ा जमीन घोटाला सामने आया है। यहां एक चमड़ा कारोबारी के चौकीदार श्रीराम ने अपने मालिक और उनके साथियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज कराई है। आरोप है कि चौकीदार के नाम पर फर्जी आधार और पैन कार्ड बनवाकर करोड़ों की जमीनों की खरीद-फरोख्त की जा रही थी। इस मामले में जेल में बंद अधिवक्ता अखिलेश दुबे का करीबी लवी मिश्रा, उन्नाव का कुख्यात गैंगस्टर साहब लारी समेत 8 लोगों को नामजद किया गया है। पुलिस ने शुक्रवार देर रात ऑपरेशन महाकाल के तहत साहब लारी को गिरफ्तार कर लिया।
FIR में चौकीदार के सनसनीखेज आरोप
पीड़ित श्रीराम ने बताया कि वह पिछले 40 साल से जाजमऊ निवासी चमड़ा कारोबारी सिराज गद्दी के घर पर चौकीदारी करता रहा है। सिराज की मौत के बाद उनके बेटे सोहेल, शहनवाज और सलमान गद्दी सारा काम देखने लगे।
आरोप है कि तीनों ने पीड़ित को कई बार बहाने से उन्नाव और कानपुर ले जाकर आधार व पैन कार्ड पर अवैध हस्ताक्षर करवाए।
जुलाई 2023 में पीड़ित को उन्नाव कचहरी बुलाया गया। वहां पर लवी मिश्रा और साहब लारी पहले से मौजूद थे।
वहीं, पीड़ित को एक लिफाफे में उसका फर्जी आधार व पैन कार्ड दिखाकर एक रजिस्ट्री पर हस्ताक्षर करा दिए गए।
बाद में पता चला कि उन्हीं दस्तावेज़ों के जरिए करोड़ों की जमीनें खरीदी-बेची गईं।
किसान निधि बंद होने पर खुला फर्जीवाड़ा
श्रीराम ने बताया कि कई महीने पहले तक उनके खाते में किसान निधि की रकम आती रही। लेकिन अचानक करीब 5 माह पहले भुगतान बंद हो गया। जब उन्होंने जानकारी की तो पता चला कि उनके आधार कार्ड में पिता का नाम बदल दिया गया है और उनके नाम पर जमीन खरीद-बिक्री का खेल चल रहा है।
आरोपी कौन-कौन?
FIR में जिन लोगों के नाम हैं, वे हैं :
लवी मिश्रा (अखिलेश दुबे का करीबी)
साहब लारी (उन्नाव का कुख्यात गैंगस्टर)
सोहेल गद्दी
शहनवाज गद्दी
सलमान गद्दी
रियाज गद्दी
कामरान गद्दी
अन्य सहयोगी
इन सभी पर आरोप है कि इन्होंने मिलीभगत कर चौकीदार श्रीराम के नाम पर फर्जी आधार-पैन बनवाकर करोड़ों की जमीनों की रजिस्ट्री कराई और बाद में उन्हें बेच डाला।
पुलिस की कार्रवाई
जाजमऊ थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह ने बताया कि एफआईआर दर्ज कर ली गई है और भूमाफिया साहब लारी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
शनिवार को उसे कोर्ट में पेश कर जेल भेजा जाएगा। पुलिस अब पूरे गैंग के नेटवर्क की छानबीन कर रही है।
जन एक्सप्रेस का बड़ा सवाल
क्या पुलिस लवी मिश्रा-साहब लारी गैंग के पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश कर पाएगी?
क्या उन नेताओं और रसूखदारों पर भी कार्रवाई होगी, जो भूमाफिया की पैरवी में लगे थे?






