परिवारिक विवाद की आड़ में ज़मीन कब्जे का आरोप
अरुण सिंह बघेल ने सोशल मीडिया पर पेश किए साक्ष्य

जन एक्सप्रेस/चित्रकूट : चित्रकूट जनपद के मानिकपुर थाना क्षेत्र के ग्राम गढ़चपा से एक ज़मीन विवाद को लेकर मामला चर्चा में है। ग्राम निवासी अरुण सिंह बघेल पर उनके ही सगे परिवार के एक सदस्य द्वारा आरोप लगाया गया है कि उन्होंने जबरन 12 बीघा जमीन पर कब्जा कर लिया है।
लेकिन इस पूरे मामले पर अरुण सिंह बघेल ने खुलकर सफाई दी है। उन्होंने दावा किया है कि उक्त जमीन उनकी पत्नी अनुराधा सिंह के नाम दर्ज है, और वह कई वर्षों से उस पर जोत-बो कर रहे हैं।
कोर्ट में मामला विचाराधीन, सोशल मीडिया पर रखे साक्ष्य
अरुण सिंह बघेल के अनुसार, यह विवादित भूमि मामला वर्तमान में माननीय उच्च न्यायालय राजस्व परिषद प्रयागराज में विचाराधीन है। उन्होंने अपने जमीनी दस्तावेज़ और न्यायालयीन अभिलेखों को सोशल मीडिया पर साझा किया, ताकि उनकी स्थिति स्पष्ट हो सके।
परिवार के ही कुछ लोगों पर साजिश का आरोप
अरुण सिंह बघेल ने आरोप लगाया कि उनके ही परिवार के कुछ विपक्षी सदस्य लगातार उन्हें बदनाम करने की साजिश रचते आ रहे हैं। वह आरोप लगाते हैं कि यह कोई नया मामला नहीं है, पहले भी मनगढ़ंत और फर्जी शिकायतें उनके खिलाफ दर्ज करवाई जाती रही हैं।
उनका कहना है कि मेरी छवि धूमिल करने के लिए कुछ राजनीतिक विरोधी और परिवार के दबंग लोग बार-बार किसी को मेरे खिलाफ खड़ा करते हैं।”
पत्रकारों पर भी लगाए गंभीर आरोप
अरुण सिंह बघेल ने कुछ स्थानीय पत्रकारों पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि कुछ पत्रकार पैसे की मांग कर रहे हैं और उनके ही परिवार के सदस्यों को उकसाकर झूठे बयान ले रहे हैं। उन्होंने इसके स्क्रीनशॉट्स सोशल मीडिया पर वायरल किए हैं, ताकि सच्चाई सबके सामने आ सके।
शासन-प्रशासन से न्याय की मांग
बघेल ने प्रशासन से अनुरोध किया है कि बार-बार फर्जी आरोप लगाकर मुझे परेशान किया जा रहा है। मैं प्रशासन से अपील करता हूँ कि ऐसे षड्यंत्रकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि मैं शांति से जीवन जी सकूं।”
बताया जा रहा है कि अरुण सिंह बघेल की भाभी पिछले 10 वर्षों से जिला पंचायत सदस्य हैं और परिवार की राजनीतिक भागीदारी भी रही है। ऐसे में यह विवाद केवल जमीन तक सीमित नहीं, बल्कि एक राजनीतिक और पारिवारिक रस्साकशी का भी प्रतीक बनता जा रहा है।






