विधान भवन के सामने सड़कों पर गरजे सेना के टैंक, गणतंत्र दिवस परेड रिहर्सल बनी आकर्षण का केंद्र

जन एक्सप्रेस /लखनऊ: देश के 76वें गणतंत्र दिवस को लेकर राजधानी लखनऊ में उत्साह अपने चरम पर है। इसी क्रम में शनिवार को शहर में आयोजित गणतंत्र दिवस परेड की फुल ड्रेस रिहर्सल ने आमजन का विशेष ध्यान खींचा। विधान भवन के सामने जब सेना के टैंक और बख्तरबंद वाहन सड़कों पर उतरे, तो पूरा इलाका देशभक्ति के रंग में रंग गया।
सुबह से ही हजरतगंज और विधान भवन क्षेत्र में हलचल तेज दिखाई दी। जैसे ही सेना के भारी वाहन मुख्य मार्ग पर आगे बढ़े, राह चलते लोग अचानक रुक गए। कई लोगों ने इस ऐतिहासिक दृश्य को अपने मोबाइल कैमरों में कैद किया, वहीं बच्चों और युवाओं में खासा उत्साह देखने को मिला।
टैंकों और बख्तरबंद वाहनों ने खींचा ध्यान
रिहर्सल के दौरान भारतीय सेना के टैंक, बख्तरबंद गाड़ियां और आधुनिक सैन्य वाहन जब अनुशासित गति से आगे बढ़े, तो यह दृश्य किसी राष्ट्रीय सैन्य परेड से कम नहीं लगा। यह पहली बार नहीं था, लेकिन हर बार की तरह इस बार भी लोगों में रोमांच साफ दिखाई दिया।
सड़क किनारे खड़े नागरिकों ने “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के नारे लगाकर जवानों का उत्साह बढ़ाया।
जवानों ने किया सटीक मार्च-पास्ट
फुल ड्रेस रिहर्सल में—
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भारतीय सेना
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अर्धसैनिक बल
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पुलिस बल
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होमगार्ड
के जवानों ने अनुशासित मार्च-पास्ट कर अपनी तैयारियों का प्रदर्शन किया।
साथ ही स्काउट-गाइड के छात्र-छात्राओं ने भी कदमताल के साथ परेड में हिस्सा लिया। बच्चों की एकरूपता, अनुशासन और समर्पण ने उपस्थित दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं।
24 जनवरी को हुई फुल ड्रेस रिहर्सल
प्रशासन की ओर से 24 जनवरी को आयोजित इस फुल ड्रेस रिहर्सल को गणतंत्र दिवस समारोह की अंतिम तैयारी माना जा रहा है। इसमें परेड की समय-सारणी, वाहनों की गति, सुरक्षा व्यवस्था और मंच संचालन की पूरी रूपरेखा का परीक्षण किया गया।
अधिकारियों ने बताया कि रिहर्सल का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि 26 जनवरी को किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
26 जनवरी को निकलेंगी भव्य झांकियां
प्रशासन के अनुसार गणतंत्र दिवस के दिन परेड के साथ-साथ विभिन्न विभागों की आकर्षक झांकियां भी निकाली जाएंगी। इन झांकियों के माध्यम से—
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उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत
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विकास योजनाएं
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महिला सशक्तिकरण
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डिजिटल इंडिया
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ग्रामीण विकास
जैसे विषयों को प्रदर्शित किया जाएगा।
यह झांकियां विशेष रूप से आमजन और युवाओं को देश और प्रदेश के विकास से जोड़ने का माध्यम बनेंगी।
ट्रैफिक डायवर्जन से बदली शहर की रफ्तार
परेड रिहर्सल के चलते राजधानी के कई इलाकों में व्यापक ट्रैफिक डायवर्जन लागू किया गया। विशेष रूप से—
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विधानसभा मार्ग
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हजरतगंज क्षेत्र
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चारबाग
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केडी सिंह बाबू स्टेडियम
आसपास यातायात व्यवस्था में परिवर्तन किया गया।
हालांकि कुछ समय के लिए लोगों को असुविधा हुई, लेकिन अधिकतर नागरिकों ने इसे राष्ट्रीय पर्व से जुड़ा आयोजन मानते हुए प्रशासन का सहयोग किया।
सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद
गणतंत्र दिवस समारोह को देखते हुए पूरे परेड मार्ग पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। जगह-जगह बैरिकेडिंग, सीसीटीवी कैमरे और पैदल गश्त के जरिए सुरक्षा की कड़ी निगरानी की गई।
सुरक्षा एजेंसियों द्वारा हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोका जा सके।
परेड का तय मार्ग
प्रशासन द्वारा जारी जानकारी के अनुसार—
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परेड की शुरुआत रबींद्रालय–बाल संग्रहालय से होगी
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यह हजरतगंज स्थित अटल चौक से होकर गुजरेगी
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समापन केडी सिंह बाबू स्टेडियम पर किया जाएगा
पूरे मार्ग पर प्रशासनिक अधिकारी, मजिस्ट्रेट और पुलिस बल तैनात रहेंगे।
बच्चों की सुरक्षित वापसी की व्यवस्था
परेड समाप्त होने के बाद स्काउट-गाइड और स्कूल के बच्चों को विशेष बसों के माध्यम से सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाया जाएगा। इसके लिए पहले से रूट तय कर लिए गए हैं।
प्रशासन की नागरिकों से अपील
जिला प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि—
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निर्धारित ट्रैफिक प्लान का पालन करें
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अनावश्यक रूप से प्रतिबंधित मार्गों पर न जाएं
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वैकल्पिक रास्तों का प्रयोग करें
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सुरक्षा बलों के निर्देशों का पालन करें
ताकि गणतंत्र दिवस समारोह शांतिपूर्ण और गरिमामय ढंग से संपन्न हो सके।
देशभक्ति के रंग में रंगी राजधानी
रिहर्सल के दौरान पूरे लखनऊ में देशभक्ति का माहौल देखने को मिला। सेना के टैंक, जवानों की कदमताल और तिरंगे की छटा ने यह एहसास दिलाया कि गणतंत्र दिवस केवल एक समारोह नहीं, बल्कि देश की एकता, शक्ति और लोकतंत्र का उत्सव है।









