आजमगढ़: पेट्रोल-डीजल की किल्लत की अफवाहों पर प्रशासन सख्त, जमाखोरी करने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई

जन एक्सप्रेस/ आजमगढ़ : जनपद में पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति को लेकर फैली अफवाहों के बीच आजमगढ़ जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार के निर्देश पर मुख्य राजस्व अधिकारी (CRO) संजीव ओझा ने पेट्रोल पंप संचालकों के साथ कलेक्ट्रेट सभागार में एक उच्च-स्तरीय बैठक की और जिले में ईंधन की निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
प्रशासन के कड़े निर्देश:
मुख्य राजस्व अधिकारी ने स्पष्ट किया कि जनपद में पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है। उन्होंने पंप संचालकों को निम्नलिखित दिशा-निर्देश जारी किए हैं:
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आवश्यकतानुसार बिक्री: उपभोक्ताओं को उनकी जरूरत के अनुसार ही पेट्रोल-डीजल दिया जाए। अनावश्यक स्टॉक या जमाखोरी करने वालों को ईंधन न दें।
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भ्रामक बोर्ड पर रोक: पेट्रोल पंपों पर स्टॉक उपलब्ध होने के बावजूद ‘स्टॉक नहीं है’ जैसे भ्रामक बोर्ड लगाना प्रतिबंधित है।
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सीसीटीवी निगरानी: पेट्रोल पंपों पर लगे सीसीटीवी कैमरों को सदैव क्रियाशील रखने का निर्देश दिया गया है ताकि आपूर्ति प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे।
जमाखोरी पर होगा मुकदमा
प्रशासन ने चेतावनी दी है कि यदि कोई व्यक्ति या फर्म पेट्रोलियम पदार्थों की जमाखोरी या अवैध भंडारण करते हुए पकड़ा जाता है, तो उसके विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के तहत कठोर विधिक और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
आमजन से प्रशासन की अपील
जिला पूर्ति अधिकारी ने जानकारी दी कि जनपद में मांग के सापेक्ष ईंधन का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है और पेट्रोलियम कंपनियों द्वारा नियमित आपूर्ति की जा रही है। मुख्य राजस्व अधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की है:
“किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें। पेट्रोल पंपों पर अनावश्यक भीड़ न लगाएं और अपनी जरूरत से ज्यादा ईंधन न खरीदें। आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह सामान्य है।”
बैठक में प्रभारी जिला पूर्ति अधिकारी विकास कुमार सिंह, पेट्रोल पंप एसोसिएशन के अध्यक्ष सुदर्शन अग्रवाल सहित जिले के सभी पेट्रोल पंप संचालक उपस्थित रहे।






