सरकार को मिल जाएगा यूसीसी का ड्रफ्ट: मुख्यमंत्री

देहरादून । समान नागरिक संहिता (यूनिफॉर्म सिविल कोड) का ड्राफ्ट तैयार करने के लिए सरकार की गठित की गई हाई पावर कमेटी जून माह के अंत तक यूसीसी का ड्राफ्ट (मसौदा) तैयार कर सरकार को सौंप देगी।
समिति इस ड्राफ्ट को तैयार कर अंतिम रूप देने में जुटी हुई है। यूसीसी के ड्राफ्ट में किसी तरह की कमी न रहे, इसके प्रयास जारी हैं। कमेटी के सदस्यों ने आज एनेक्सी भवन में सभी आयोगों के अध्यक्षों से बातचीत कर उनके सुझाव लिए और आज ही ऑडिटोरियम में जन संवाद के जरिए आम लोगों से भी विभिन्न मुद्दों पर उनकी राय जानने की कोशिश की गई।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को बताया कि यूसीसी कमेटी ने जून के अंत तक ड्राफ्ट तैयार कर सरकार को सौंपने की बात कही है। उनका कहना है कि उत्तराखंड सरकार का यह समान नागरिक संहिता का ड्राफ्ट अन्य सभी राज्यों के लिए मॉडल होगा।
2022 के विधानसभा चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य मेंं यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू करने की घोषणा की थी और सत्ता संभालने के कुछ समय बाद ही उन्होंने इसका ड्राफ्ट तैयार करने के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई के नेतृत्व में 3 सदस्यीय समिति का गठन किया गया था जिसे 6 माह का समय दिया गया था, लेकिन यूसीसी के जटिल ड्राफ्ट को इतने समय में तैयार नहीं किया जा सका। अब तक दो बार समिति का कार्यकाल बढ़ाया जा चुका है।
समिति ने इसका ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है, लेकिन इसमें अभी भी कई ऐसे मुद्दे और बिंदु हैं, जिनमें संशोधन किया जाना आवश्यक है। अब इन्हीं मुद्दों को लेकर समिति आयोगों के अध्यक्षों और राजनीतिक दलों के नेताओं से सीधा संवाद कर रही है।
हालांकि समिति ने यूसीसी का ड्राफ्ट तैयार करने में सभी धर्म गुरुओं से लेकर बुद्धिजीवियों, विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों और आम लोगों तक से राय ले चुकी है क्योंकि सभी धर्म जाति और समुदाय के लिए एक जैसे नियम निर्धारित करना आसान काम नहीं है। समिति के अध्यक्ष का कहना है कि उनका हर संभव प्रयास है कि यूसीसी का एक ऐसा ड्राफ्ट तैयार किया जाए जो सर्वमान्य और सर्वग्राही हो, जिससे इसमें कम से कम संशोधन की गुंजाइश रहे






