
जन एक्सप्रेस उत्तराखंड: उत्तरकाशी ज़िले की नेलांग घाटी में स्टेट डिजास्टर रेस्पॉन्स फोर्स (एसडीआरएफ) की टीम को एक अभूतपूर्व खोज हाथ लगी है। बर्फ से बनी एक शिवलिंग जैसी आकृति और उसके समीप नंदी जैसी संरचना देखने को मिली है। यह दृश्य धार्मिक आस्था और पर्यटन के लिए नई संभावनाओं के द्वार खोल सकता है।
अमरनाथ से भी अधिक ऊंचाई पर मिला शिवलिंग
एसडीआरएफ की टीम ने जिस चोटी पर यह आकृति देखी, उसकी ऊंचाई 6,054 मीटर है। शिवलिंग की आकृति लगभग 4,300 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है, जबकि अमरनाथ का शिवलिंग 3,888 मीटर पर होता है। इस नई खोज नेलांग घाटी को एक संभावित धार्मिक और साहसिक पर्यटन केंद्र के रूप में उभार सकती है।
साढ़े चार किलोमीटर लंबा दुर्गम बर्फीला ट्रैक नीलापानी पहुंचने का रास्ता बेहद कठिन और बर्फ से ढका हुआ है। नेलांग से नीलापानी तक वाहन से पहुंचने के बाद करीब साढ़े चार किलोमीटर लंबा पैदल ट्रैक शुरू होता है, जिसमें सीधी चढ़ाई और हिमखंडों से गुजरना होता है। रास्ते में पार्वती कुंड भी स्थित है, जो पहले से ही आध्यात्मिक महत्व रखता है।
पर्यटन और ट्रैकिंग के लिए खुल सकते हैं नए द्वार मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य की 25वीं वर्षगांठ पर साहसिक खेलों और ट्रैकिंग के नए स्थलों को विकसित करने के निर्देश दिए थे। इसी अभियान के तहत एसडीआरएफ ने इस दुर्गम क्षेत्र में अन्वेषण किया और यह चमत्कारिक दृश्य सामने आया। यदि सरकार इसे धार्मिक यात्रा के रूप में मान्यता देती है, तो उत्तराखंड में एक नई ‘अमरनाथ यात्रा’ की शुरुआत संभव हो सकती है। अर्पण यदुवंशी, कमांडेंट, एसडीआरएफ ने बताया, “एसडीआरएफ ने नीलापानी 66 क्षेत्र में अमरनाथ शिवलिंग और नंदी जैसी बर्फ की आकृति खोजी है। इस चोटी पर अभी तक कोई ट्रैकिंग नहीं हुई थी। यह एक महत्वपूर्ण खोज है।”






