संपूर्ण समाधान तहसील दिवस में188 शिकायती पत्र में 12 पत्र का मौके पर हुआ निस्तारण
प्रधान प्रतिनिधि ने तहसील दिवस में जिलाधिकारी से जर्जर तार हटाने का किया अपील
जन एक्सप्रेस/संवाददाता
रामसनेहीघाट/ बाराबंकी। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित तहसील संपूर्ण समाधान दिवस में विभिन्न समस्याओं से संबंधित 188 शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त की जिसमें से सिर्फ 12 शिकायतों का समाधान मौके पर किया जा सका, शेष शिकायतों को समय सीमा के अंदर निस्तारित करने के लिए संबंधित विभागाध्यक्षो को सौंप दिया गया।
तहसील रामसनेहीघाट सभागार में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस की अध्यक्षता कर रहे जिलाधिकारी के समक्ष राजस्व विभाग से 89, पुलिस विभाग से 23, विकास विभाग से 14, विद्युत विभाग से 14, समाज कल्याण विभाग से 6, पूर्ति विभाग से 6 अन्य 36 कुल 188 प्रार्थना पत्र प्रस्तुत हुए जिसमें से राजस्व विभाग से 5 समाज कल्याण विभाग से 3 अन्य 4 शिकायतों का ही निस्तारण मौके पर किया जा सका , शेष शिकायतों को समय सीमा के अंदर गुण दोष के आधार पर निस्तारित करने के लिए संबंधित विभाग अध्यक्षों को सौंप दिया गया। इस मौके पर पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार सिंह, पुलिस क्षेत्राधिकारी रामसनेहीघाट हर्षित चौहान, एसडीएम रामसनेहीघाट, नायब तहसीलदार प्रज्ञा द्विवेदी , कोतवाल रामसनेहीघाट अजय कुमार त्रिपाठी खंड शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर यादव, तहसीलदार सहित जिले व तहसील स्तरीय अधिकारी मौजूद है।
तहसील दिवस के दौरान ग्राम पंचायत रतौली के ग्राम प्रधान प्रतिनिधि वीर बहादुर सिंह ने शिकायती प्रार्थना पत्र देते हुए कहा कि ग्राम पंचायत में जर्जर तार हटाने की मांग काफी दिनो से की जा रही है लेकिन कोई कार्यवाई नही की गई है, इस संबंध में उत्तर प्रदेश के खाद्य रसद एवं नागरिक आपूर्ति राज्यमंत्री सतीश चंद शर्मा द्वारा विद्युत विभाग को पत्र भी लिखा गया था जिसमें स्पष्ट कहा गया था की रतौली व इमामगंज गाँव मे विद्युत लाइन काफी जर्जर है जिसे सही किया जाए, प्रधान प्रतिनिधि श्री सिंह ने कहा कि गांव के अंदर से गुजरी विद्युत लाइन को सही करने की मांग ग्रामीण पिछले कई महीनों से कर रहे हैं लेकिन राज मंत्री के पत्र के बाद भी अधिकारियों पर कोई असर ना दिखा जिसका परिणाम गुरुवार को इमामगंज के एक व्यक्ति को चुकाना पड़ा, घर के ऊपर से गुजरी हाईटेंशन विद्युत लाइन की चपेट में आकर युवक घायल हो गया जिसका उपचार लखनऊ के सिविल हॉस्पिटल में अभी भी चल रहा है उसके बाद भी अभी तक ना तो मकान के ऊपर से विद्युत लाइन को हटाया गया है और ना ही जर्जर तारों को बदला गया है जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।






