चित्रकूट डायट में स्कूल रेडीनस फेज-01 कार्यशाला संपन्न, आंगनबाड़ी–विद्यालय समन्वय पर विशेष जोर
नोडल शिक्षकों व ICDS सुपरवाइजरों को दिया प्रशिक्षण, बच्चों को कक्षा–1 में सुगम प्रवेश हेतु तैयार करने पर केंद्रित कार्यक्रम

जन एक्सप्रेस चित्रकूट, शिवरामपुर।(हेमनारायण हेमू):राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रभावी क्रियान्वयन के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों से प्राथमिक विद्यालयों में प्रवेश लेने वाले 5–6 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों की शैक्षिक तैयारी (स्कूल रेडीनस) सुनिश्चित करने हेतु जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) शिवरामपुर, चित्रकूट में एकदिवसीय स्कूल रेडीनस फेज–01 कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इसमें ICDS की सुपरवाइजरों और प्राथमिक विद्यालयों के नोडल शिक्षकों ने प्रतिभाग किया।कार्यशाला का शुभारंभ प्राचार्य बी.के. शर्मा ने मां सरस्वती की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित एवं दीप प्रज्ज्वलित कर किया। उन्होंने कहा कि बच्चे जब आंगनबाड़ी केंद्रों से प्राथमिक विद्यालयों में आते हैं तो उनके सीखने के वातावरण में बड़ा परिवर्तन होता है। ऐसे में आवश्यक है कि बच्चों की शारीरिक, मानसिक एवं संवेगात्मक तैयारी के लिए दोनों संस्थान एक बेहतर समन्वय स्थापित करें। उन्होंने बताया कि इस प्रकार की कार्यशालाएं बच्चों की रुचि बढ़ाने और सीखने की प्रक्रिया को रोचक बनाने में अत्यंत कारगर होती हैं।कार्यशाला का संचालन नोडल प्रवक्ता मोहित कुमार सिंह, नोडल S.R.G गीत श्रीवास्तव तथा नव चयनित ARP दीपक गुप्ता द्वारा किया गया। प्रशिक्षण में स्कूल रेडीनस मैनुअल, ECCE टूल निर्देशिकाएँ, और DCF भरने से संबंधित गतिविधियों को प्रतिभागियों से कराते हुए समझाया गया। बच्चों को कक्षा–1 में सुगमता से समायोजित करने हेतु कौन–कौन सी गतिविधियाँ प्रभावी होती हैं, इस पर विस्तार से चर्चा की गई।कार्यक्षाला में बच्चों के लिए तैयार स्कूल रेडीनस फेज–01 हस्त पुस्तिका के आधार पर विभिन्न खेल–आधारित और गतिविधि–आधारित शिक्षण विधियों का अभ्यास कराया गया। अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए गए।कार्यक्रम में डायट के समस्त प्रवक्ता एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।






