उत्तराखंड

हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय में ICSSR कार्यशाला का दूसरा दिन संपन्न, शोध विधियों पर गहन चर्चा

जन एक्सप्रेस / श्रीनगर: हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय में सामाजिक विज्ञान के शोधार्थियों के लिए आयोजित 10 दिवसीय ICSSR प्रायोजित रिसर्च मेथडोलॉजी कार्यशाला का दूसरा दिन गुरुवार को सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। शिक्षा विभाग और भौतिक विज्ञान विभाग के संयुक्त तत्वावधान में चल रही यह कार्यशाला शोध के आधुनिक उपकरणों और तकनीकों पर केंद्रित है।

प्रमुख सत्र: सांख्यिकी से लेकर AI तक का सफर

कार्यशाला के दूसरे दिन चार महत्वपूर्ण सत्र आयोजित किए गए, जिनमें विशेषज्ञों ने शोध के व्यावहारिक पहलुओं पर प्रकाश डाला:

  • एकीकृत सांख्यिकीय विधियाँ: प्रथम सत्र में प्रो. सीमा धवन ने शोध में सांख्यिकी (Statistics) के महत्व को समझाया। उन्होंने बताया कि कैसे डेटा का सही विश्लेषण एक सटीक शोध की नींव रखता है।

  • AI-सक्षम शोध कार्यप्रवाह: दूसरे सत्र में डॉ. अखिलेश कुमार गौतम ने वर्तमान दौर के सबसे चर्चित विषय ‘आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस’ (AI) पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि शोधार्थी अपने रिसर्च वर्कफ्लो को AI टूल्स की मदद से कैसे अधिक प्रभावी और तेज बना सकते हैं।

  • ई-पुस्तकालय और डिजिटल संसाधन: तीसरे सत्र में डॉ. हर सिंह ने ई-पुस्तकालय के विभिन्न उपकरणों और ऑनलाइन संसाधनों के उपयोग की विस्तृत जानकारी दी, जो दूरस्थ क्षेत्रों में बैठे शोधार्थियों के लिए भी अत्यंत उपयोगी है।

  • पुस्तकालय भ्रमण: चौथे सत्र में सभी प्रतिभागियों को चौरास परिसर स्थित केंद्रीय पुस्तकालय का भ्रमण कराया गया, जहाँ उन्हें उपलब्ध दुर्लभ पुस्तकों और आधुनिक डिजिटल लाइब्रेरी की सुविधाओं से रूबरू कराया गया।

विशेषज्ञों का सम्मान और शोध कौशल पर जोर

कार्यशाला के निदेशक डॉ. देवेंद्र सिंह (शिक्षा विभाग) और सह-निदेशक डॉ. आलोक कुमार गौतम (भौतिक विज्ञान विभाग) ने आमंत्रित विशेषज्ञों का पुष्प गुच्छ, अंगवस्त्र और स्मृति चिन्ह भेंटकर स्वागत किया। आयोजकों ने बताया कि इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य शोधार्थियों को केवल किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि उन्हें व्यावहारिक प्रशिक्षण (Practical Training) प्रदान करना है।

कार्यक्रम का संचालन प्रतिभागी पायल विज और वैभव कुमार द्विवेदी ने किया। यह कार्यशाला 1 अप्रैल से 10 अप्रैल तक जारी रहेगी, जिसमें देशभर के शोध छात्र उन्नत शोध कौशल सीख रहे हैं।

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