
जन एक्सप्रेस /उत्तरकाशी :- सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स (SWM Rules, 2026) के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी प्रशांत आर्य की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कचरा प्रबंधन को लेकर सख्त निर्देश जारी किए गए और खुले में कूड़ा जलाने वालों पर 5 हजार से 25 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाने की चेतावनी दी गई।
जिलाधिकारी ने कहा कि कचरा प्रबंधन राष्ट्रीय प्राथमिकता का विषय है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि खुले में कूड़ा जलाने वालों के खिलाफ पर्यावरणीय मानकों के अनुसार जुर्माना लगाया जाए तथा आवश्यक कानूनी कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाए।
बैठक में सभी नगर निकायों और ग्राम पंचायतों को ‘सोर्स सेग्रीगेशन’ (स्रोत स्तर पर कचरे का पृथक्करण) अनिवार्य रूप से लागू करने के निर्देश दिए गए। साथ ही बल्क वेस्ट जनरेटर्स का पंजीकरण, मैटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (MRF) की स्थापना तथा पुराने कचरे के शीघ्र निस्तारण के लिए लक्ष्य निर्धारित कर कार्रवाई करने को कहा गया।
जिलाधिकारी ने बेहतर कूड़ा प्रबंधन करने वाले स्थानीय निकायों और पंचायतों को सम्मानित करने तथा निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य नहीं करने वाले निकायों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने डीपीआरओ, जिला पंचायत और सभी बीडीओ की स्वच्छता एवं कचरा प्रबंधन को लेकर सीधी जवाबदेही तय करते हुए निर्देश दिया कि सार्वजनिक स्थानों, पर्यटन स्थलों और तीर्थस्थलों की सफाई व्यवस्था की नियमित फोटोग्राफी कर रिपोर्ट आधिकारिक पोर्टल पर अपलोड की जाए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी जय भारत सिंह वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े, जबकि अपर जिलाधिकारी मुक्ता मिश्र, डीपीआरओ प्रताप पंवार, स्वजल विभाग के प्रताप मतूड़ा, लोकेंद्र बिष्ट सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। सभी विकासखंडों के बीडीओ भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बैठक में शामिल हुए।






