हाईकोर्ट में मामला लंबित, फिर भी सरकारी जमीन पर कब्जे की कोशिश
सदर तहसील के कलीचाबाद में बंजर व सड़क की भूमि पर दोबारा निर्माण, जिलाधिकारी से हस्तक्षेप की मांग

जन एक्सप्रेस/ जौनपुर:जौनपुर सदर तहसील क्षेत्र के ग्राम कलीचाबाद परगना हवेली में हाईकोर्ट में मामला विचाराधीन होने के बावजूद सरकारी बंजर और सड़क की भूमि पर दोबारा अवैध कब्जे का गंभीर मामला सामने आया है। इस संबंध में गांव निवासी जगतम्बा यादव ने जिलाधिकारी जौनपुर को शिकायती प्रार्थना पत्र देकर तत्काल प्रशासनिक कार्रवाई की मांग की है।
हाईकोर्ट में रिट लंबित, फिर भी निर्माण की कोशिश
शिकायत के अनुसार ग्राम कलीचाबाद की आराजी संख्या 1079 (बंजर भूमि) तथा 1080 और 1091 (रास्ता/सड़क खाते की भूमि) पर विपक्षी कमलेश पुत्र विश्राम द्वारा पहले अवैध पक्का निर्माण किया गया था। मामले को लेकर प्रार्थी द्वारा माननीय उच्च न्यायालय में रिट संख्या 481/2025 दाखिल की गई, जिस पर कोर्ट ने अवैध निर्माण हटाने के निर्देश दिए थे।
आंशिक ध्वस्तीकरण के बाद दोबारा कब्जे का प्रयास
न्यायालय के आदेश के अनुपालन में सड़क पर किए गए निर्माण को तो हटा दिया गया, लेकिन शिकायतकर्ता का आरोप है कि कुछ अवैध निर्माण अब भी शेष है। वाद अभी भी हाईकोर्ट में विचाराधीन है, इसके बावजूद विपक्षी द्वारा पुनः निर्माण सामग्री गिराकर जबरन कब्जा करने और पक्का निर्माण कराने का प्रयास किया जा रहा है।शिकायत में यह भी कहा गया है कि निर्माण रोकने पर विपक्षी द्वारा फौजदारी पर आमादा होने और धमकी देने की स्थिति बन रही है, जिससे क्षेत्र में तनाव का माहौल है।प्रार्थी ने जिलाधिकारी से मांग की है कि प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए राजस्व टीम एवं थाना लाइन बाजार पुलिस को तत्काल निर्देशित किया जाए, ताकि हाईकोर्ट में वाद के निस्तारण तक सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा या निर्माण न हो सके।मामले की प्रतिलिपि प्रमुख सचिव उत्तर प्रदेश शासन, चेयरमैन राजस्व परिषद लखनऊ तथा आयुक्त वाराणसी मंडल को भी भेजी गई है। शिकायत के साथ हाईकोर्ट के आदेश और खतौनी की छायाप्रति संलग्न की गई है।अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में कितनी तेजी से कार्रवाई करता है और क्या सरकारी जमीन को अतिक्रमण से सुरक्षित किया जा पाता है।






