धर्मनगरी चित्रकूट के भौतिक और आध्यात्मिक विकास के लिए सरकार वचनबद्ध : सीएम योगी
धर्मनगरी चित्रकूट के भौतिक और आध्यात्मिक विकास के लिए सरकार वचनबद्ध : सीएम योगी

चित्रकूट।
धर्मनगरी चित्रकूट पहुंचे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा सरकार चित्रकूट धाम के विकास के लिए समर्पित है।
सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ
गुरुवार को एक दिवसीय दौरे पर चित्रकूट पहुंचे थे, जहां मुख्यमंत्री ने अपने सम्बोधन में कहा कि, चित्रकूट को उसकी पौराणिक और ऐतिहासिक पहचान दिलाने के लिए उनकी सरकार पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। कहा इस धार्मिक नगरी के आध्यात्मिक के साथ-साथ भौतिक विकास पर भी ध्यान दिया जा रहा है। रामायणकालीन रामघाट पहुंचकर महाराज मतगजेंद्र की पूजा – अर्चना कर मन्दाकिनी की आरती की है।
विकास एवं कानून व्यवस्था को लेकर समीक्षा बैठक की
एक दिवसीय दौरे पर चित्रकूट आए
मुख्यमंत्री ने कलेक्ट्रेट सभागार में जन प्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ विशेष बैठक कर विकास एवं कानून व्यवस्था की समीक्षा की है। बैठक में विकास योजनाओं की समीक्षा और कानून व्यवस्था सुदृढ़ करने के आवश्यक निर्देश दिए।
मतगजेंद्र भगवान की पूजा कर मन्दाकिनी की उतारी आरती
मुख्यमंत्री इसके बाद रामघाट पहुंचे, जहां उन्होंने श्री महाराजाधिराज मतगजेंद्र नाथ शिव मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने विधि-विधान से भगवान शिव की पूजा-अर्चना की। इसके बाद वह मां मंदाकिनी के तट पर खड़े होकर इस पवित्र नदी की आरती उतारी और प्रदेश वासियों के सुख-समृद्धि की कामना की है।मुख्यमंत्री मां मंदाकिनी की पांच अर्चकों द्वारा होने वाली दैनिक आरती में भी शामिल हुए हैं।इस दौरान जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह , राज्यमंत्री मनोहर लाल मन्नू कोरी समेत तमाम जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
सीएम योगी ने अपने सम्बोधन में कही ये बड़ी बातें
आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि जहां कभी भगवान श्रीराम ने संत तुलसीदास जी को दर्शन दिया था, आज उस पवित्र स्थल का दर्शन और पूजन करना उनके लिए सौभाग्य का विषय है तथा सरकार चित्रकूट के भौतिक विकास और आध्यात्मिक उन्नयन के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा, “यह सनातन धर्म का पौराणिक तीर्थ है। प्रभु श्रीराम ने वनवास काल में सर्वाधिक समय इसी चित्रकूट में व्यतीत किया था। अति प्राचीन काल से ही ऋषि-मुनियों और अनेक तपोनिष्ठ संतों ने इसी चित्रकूट धाम में रहकर अपनी आध्यात्मिक साधना को नई ऊंचाइयां प्रदान की हैं। आज हमारा सौभाग्य है कि संतों के सानिध्य में इस चित्रकूट धाम के लिए कुछ करने का सौभाग्य हमारी डबल इंजन’ की सरकार को प्राप्त हुआ है। मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट के आध्यात्मिक और धार्मिक के साथ ही भौतिक विकास पर पूरा फोकस है।
मुख्यमंत्री ने कहा- हजारों साल पहले पुष्पक विमान से भगवान श्रीराम यहां आए थे अब 19 सीटर विमान उतर रहा..
उन्होंने कहा कि यहां हवाई अड्डा बनकर तैयार है और इसे विस्तार दिया जा रहा है जिससे यहां दिल्ली, लखनऊ, वाराणसी और अयोध्या से आने वाले बड़े विमान भी उतर सकें।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चित्रकूट में विकास की योजनाओं का ऐलान किया है। देवांगना टेबल टॉप हवाई अड्डे के विस्तार रक्षा और औद्योगिक गलियारे आध्यात्मिक और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ ही चित्रकूट को भौतिक रूप से भी विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हजारों साल पहले पुष्पक विमान से भगवान श्रीराम यहां आए थे अब 19 सीटर विमान उतर रहा है।
एक्सप्रेसवे के लिए जमीन होगी अधिग्रहित
आदित्यनाथ ने विकास कार्यों की चर्चा करते हुए कहा कि बुंदेलखंड लिंक एक्सप्रेसवे के लिए जमीन अधिग्रहण का कार्य किया जा रहा है। चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे परियोजना के तहत उत्तर प्रदेश सरकार 13 गांवों की 166.55 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहण कर रही है। अब तक 69% भूमि का अधिग्रहण पूरा हो चुका है। हाल ही में इस प्रक्रिया को तेज करने के लिए 120 करोड़ रुपये की धनराशि जारी की गई है। इस परियोजना की कुल स्वीकृत लागत 228 करोड़ रुपये है, जिसमें से 100 करोड़ रुपये पहले ही जारी किए जा चुके हैं।
पौराणिक स्थलों को किया जा रहा विकसित
उन्होंने बताया कि लालापुर स्थित महर्षि वाल्मीकि की पावन जन्मस्थली के सुंदरीकरण का कार्य हो या संत तुलसीदास की पावन जन्मस्थली, इन सभी की सुरक्षा और सुंदरीकरण का कार्य हो रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा पूर्ववर्ती सरकारों ने कभी कुछ नहीं किया। पौराणिक स्थलों समेत लालापुर महर्षि वाल्मीकि तपोस्थली, संत तुलसीदास की पावन जन्मस्थली राजापुर के विकास व सुरक्षा के इंतजाम हो रहे हैं।






