गंगा का जलस्तर राजघाट पर खतरे के निशान से ऊपर, प्रशासन अलर्ट

रिपोर्ट-प्रशांत तिवारी
जन एक्सप्रेस /हरदोई :- हरिद्वार व नरौरा से लगातार छोड़े जा रहे पानी से गंगा नदी का जलस्तर बढ़ता जा रहा है। रविवार को हरिद्वार से गंगा नदी में 85,473 क्यूसेक तथा नरौरा से 1,20,716 क्यूसेक तथा पीलीभीत से गर्रा नदी में 940 क्यूसेक पानी छोड़े की खबर है।गंगा नदी में लगभग 2.15 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से हरदोई में राजघाट पर गंगा का जलस्तर 126.000 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान 125.810 मीटर से मात्र 9 सेंटीमीटर ऊपर है।नदियों के तेजी से बढ़ रहे जलस्तर पर अगर नजर डाली जाए तो राजघाट में गंगा नदी का जलस्तर 126.000 मीटर रहा, जबकि चेतावनी बिंदु 125.310 मीटर है।यहां गंगा नदी चेतावनी विंदु से लगभग 69 सेंटीमीटर व खतरे के निशान से 9 सेंटीमीटर है।

शाहजहांपुर के हुल्लापुर में रामगंगा नदी मे हुल्लापुर में 135.950 मीटर जलस्तर दर्ज किया गया।जबकि यहां चेतावनी बिंदु 136.600 व डेंजर लेबिल 137.100 है।गर्रा नदी के केंद्रीय जल आयोग साइट सांडी पर 128.500 मीटर दर्ज किया गया।जबकि यहां चेतावनी विंदु 129.150 है।फिलहाल अभी तक रामगंगा व गर्रा नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे है।नदियों के जलस्तर एवं विभिन्न स्थानों से पानी छोड़े जाने की स्थिति को देखते हुए प्रशासन और संबंधित विभागों द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है।
एडीएम दीपाली भार्गव ने बताया कि प्रशासन नदियों के जलस्तर और स्थिति पर लगातार निगरानी रख रहा है। संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां पूरी रखी गई हैं और किसी भी परिस्थिति में प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने लोगों से घबराने के बजाय प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करने की अपील की।






