
जन एक्सप्रेस /बाजपुर :- 10 सूत्रीय मांगों को लेकर ग्राम प्रधान संगठन बाजपुर ने सोमवार को ब्लॉक कार्यालय में तालाबंदी कर सांकेतिक धरना दिया। संगठन अध्यक्ष मनदीप सिंह नरवाल के नेतृत्व में ग्राम प्रधानों ने सरकार के खिलाफ नाराजगी जताते हुए मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की।
मनदीप सिंह नरवाल ने कहा कि ग्राम प्रधानों की जायज मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया तो संगठन उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। संगठन ने ग्राम प्रधानों का मानदेय बढ़ाकर न्यूनतम 20 हजार रुपए प्रतिमाह करने तथा क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत सदस्यों को प्रति बैठक उचित मानदेय देने की मांग की।
प्रधानों ने मनरेगा में नेटवर्क की समस्या वाले क्षेत्रों में श्रमिकों की ऑफलाइन हाजिरी की व्यवस्था करने और अकुशल श्रमिकों की मजदूरी 600 रुपए तथा कुशल श्रमिकों की मजदूरी 800 रुपए प्रतिदिन करने की मांग रखी। इसके अलावा राज्य एवं केंद्रीय वित्त आयोग का बजट क्षेत्रफल व जनसंख्या के आधार पर सीधे ग्राम पंचायतों को आवंटित करने तथा प्रधानों को प्रतिवर्ष 10 लाख रुपए तक के विकास कार्य स्वीकृत करने का वित्तीय अधिकार देने की मांग की।
संगठन ने पंचायती राज अधिनियम में शामिल 29 विभागों के अधिकार ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित करने, ग्राम प्रधानों को स्वास्थ्य एवं जीवन बीमा सुरक्षा देने, प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के 2024 के सर्वे में छूटे पात्र लाभार्थियों को शामिल करने तथा ग्रामीणों पर लगाए जा रहे 100 रुपए मासिक/1200 रुपए वार्षिक अनिवार्य टैक्स को समाप्त करने की मांग भी उठाई।
धरने में उत्तराखंड ग्राम प्रधान संघ की प्रदेश उपाध्यक्ष रजविंदर कौर सहित सूरज राठौड़, गुड्डू, प्रमोद जोशी, रोहित सेमवाल, प्रमोद दिवाकर, कुलविंदर सिंह, रवि बरुआ, अजय, मनोज, रघुवीर सिंह, प्रताप, परमजीत, रियाज, विनोद कुमार और इरफान अली आदि मौजूद रहे।






