लखनऊ में एक्सिस बैंक के रिकवरी एजेंट ने की आत्महत्या, जांच में जुटी पुलिस

जन एक्सप्रेस/लखनऊ : राजधानी लखनऊ के बिजनौर थाना क्षेत्र से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है, जहां एक्सिस बैंक में कार्यरत एक रिकवरी एजेंट ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान उन्नाव जिले के गंगा खेड़ा गांव निवासी ज्ञानेंद्र विक्रम सिंह (24 वर्ष) के रूप में हुई है। वह लखनऊ में अपने मामा राम प्रकाश यादव के घर रह रहा था।
कैसे हुआ हादसा?
घटना बुधवार रात की बताई जा रही है। पुलिस के मुताबिक, ज्ञानेंद्र अयोध्यापुरी कॉलोनी के एक मकान की पहली मंजिल पर स्थित कमरे में अकेले रह रहा था। रात को उसने खाना खाया और फिर सोने के लिए कमरे में चला गया। अगली सुबह जब वह काफी देर तक बाहर नहीं आया, तो मामा राम प्रकाश को चिंता हुई।
राम प्रकाश ने कई बार दरवाजा खटखटाया और आवाज भी दी, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। शक होने पर जब खिड़की से झांका गया, तो ज्ञानेंद्र का शव पंखे के हुक से बेडशीट के सहारे लटका मिला।
पुलिस जांच में जुटी
सूचना मिलने पर बिजनौर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। प्रभारी निरीक्षक अरविंद कुमार राणा ने बताया कि शव को नीचे उतारकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। मृतक के पास से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, जिससे आत्महत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। पुलिस का कहना है कि घटनास्थल की गहनता से जांच की जा रही है और परिजनों से भी पूछताछ की जा रही है। मोबाइल फोन, सोशल मीडिया एक्टिविटी और कॉल डिटेल्स की भी जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि ज्ञानेंद्र इतनी बड़ी आत्मघाती कदम उठाने के लिए क्यों मजबूर हुआ।
परिवार में शोक की लहर
ज्ञानेंद्र की असमय मौत से परिवार और गांव में शोक की लहर है। ग्रामीणों के अनुसार वह एक मेहनती और जिम्मेदार युवक था, जो लखनऊ में नौकरी कर रहा था और परिवार की आर्थिक मदद भी करता था।
सवाल उठाते हालात
बैंक रिकवरी एजेंट का कार्य तनावपूर्ण होता है, और यह कोई पहली घटना नहीं है जब इस पेशे से जुड़े किसी व्यक्ति ने आत्महत्या की हो। अब यह देखना होगा कि पुलिस जांच के बाद क्या कोई दबाव या प्रताड़ना की बात सामने आती है, या यह निजी कारणों से उठाया गया कदम था।






