यूपी के किसानों को बड़ी राहत: अब खाद के लिए नहीं लगानी होगी लाइन!
ऑनलाइन मिलेगी खाद की पर्ची, सहकारी समितियों पर लागू होगी नई व्यवस्था

जन एक्सप्रेस लखनऊ। उत्तर प्रदेश में रबी सीजन की शुरुआत के साथ ही किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। अब खाद के लिए लंबी लाइनों से मुक्ति मिलेगी। राज्य सरकार ने खाद वितरण की पारदर्शी और स्मार्ट व्यवस्था लागू करने की तैयारी शुरू कर दी है।जल्द ही जिन सहकारी समितियों का कम्प्यूटरीकरण हो चुका है, वहां किसानों को ऑनलाइन पर्ची के जरिए खाद दी जाएगी। यह नई प्रणाली न केवल लाइन से छुटकारा दिलाएगी, बल्कि खाद वितरण में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं पर भी रोक लगेगी।
नई व्यवस्था की जिम्मेदारी तीन सदस्यीय कमेटी को सौंपी गई
प्रदेश सरकार ने खाद वितरण प्रणाली को पूरी तरह डिजिटल और व्यवस्थित बनाने के लिए एक तीन सदस्यीय व्यवसायिक प्रक्रिया पुनर्निर्धारण कमेटी का गठन किया है।रत्नाकर सिंह (उप आयुक्त एवं उप निबंधक) को कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया है।वैशाली सिंह (सहायक आयुक्त एवं जयपाल) और वैशाली यादव (अपर जिला सहकारी अधिकारी) को सदस्य नामित किया गया है। यह कमेटी रबी सीजन के लिए खाद वितरण को वैज्ञानिक और स्मार्ट प्रणाली से जोड़ने पर सुझाव देगी।
कमेटी क्या करेगी?
समितियों पर उपलब्ध संसाधनों की जांच
कम खर्च में अधिक सुविधा का खाका तैयार
खरीफ सीजन की दिक्कतों से सबक लेकर रणनीति
डिजिटल पर्ची सिस्टम को लागू करने की योजना
किसानों को क्या फायदा होगा?
खाद के लिए नहीं लगानी पड़ेगी लाइन
ऑनलाइन पर्ची से मिल सकेगा खाद का कोटा
सटीक रिकॉर्ड, पारदर्शी वितरण
बिचौलियों पर अंकुश और भ्रष्टाचार पर रोक
कब से लागू होगी व्यवस्था?
कमेटी जल्द ही अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। इसके आधार पर रबी सीजन में ही कई समितियों पर पायलट प्रोजेक्ट के रूप में यह व्यवस्था लागू की जाएगी। इसके बाद प्रदेश भर में इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।
सहकारिता आयुक्त योगेश कुमार ने क्या कहा?
हमारी प्राथमिकता है कि किसानों को बिना किसी अव्यवस्था के खाद मिले। ऑनलाइन वितरण व्यवस्था इस दिशा में बड़ा कदम होगी।”यह नई व्यवस्था यूपी के लाखों किसानों के लिए डिजिटल बदलाव की शुरुआत होगी, जो आने वाले समय में स्मार्ट खेती और स्मार्ट सेवाओं की दिशा में मील का पत्थर साबित हो सकती है।






