मुस्करा में नाबालिग से दुष्कर्म मामले में फैसला, आरोपी जीतू को 7 साल की सजा

जन एक्स्प्रेस/हमीरपुर: मुस्करा के इमिलया में 31 जुलाई 2015 को नाबालिग लड़की को घर से भगा ले जाने के बाद दुष्कर्म की वारदात को अंजाम देने के गुनाहगार जीतू पुत्र बन्टोली जबकि वारदात में मदद करने वाले उसके पिता बन्टोली पुत्र अच्छे लाल जबकि मां शान्ति पत्नी बन्टोली के खिलाफ मुस्कुरा पुलिस ने पीड़ित पिता किशोर कुमार की तहरीर पर मु०अ०सं०-1137/15 धारा-363,366,376,504,506 भा०द०सं० सहित 4 पाक्सो के तहत मामला दर्ज किया गया था। वही पूरे मामले की जानकारी देते हुये एडीजीसी अवध नरेश चन्देल ने बताया कि पीड़िता के पिता किशोर कुमार ने मुस्कुरा पुलिस को दी अपनी तहरीर में कहा था कि 27 मई 2015 को गांव के ही बन्टोली पुत्र अच्छे लाल, जबकि उसकी पत्नी शांति ने उसके घर में घुसकर उसकी नाबालिग बेटी को नशीला पदार्थ खिलाकर अपने लड़के जीतू पुत्र बंटोली के साथ कहीं भगा दिया था।
मामले की जानकारी मिलने पर जब पीड़ित पिता आरोपी के घर शिकायत करने गया तो बंटोली सहित उसकी पत्नी शांति ने उसके साथ गाली गलौज करने के साथ ही उसे जान से मारने की धमकी भी दी थी। जबकि अदालत में चली लम्बी बहस के बाद आपरेशन कन्विक्शन के तहत पाक्सो अदालत की स्कालर जज कीर्ती माला सिंह ने मुल्जिम जीतू कोधारा-363,366,376 आईपीसी सहित 4 पाक्सो के तहत गुनाहगार मानते हुये सात साल की सजा के साथ ही पन्द्रह हजार का जुर्माना सुनाया, जबकि पिता बंटोली और माँ शांति को धारा 363 आईपीसी का गुनाहगार मानते हुये तीन-तीन साल की सख्त सजा के साथ ही दो-दो हजार रुपये का सुनाया जुर्माना। वही मामले की जांच तत्कालीन एस आई काशीनाथ उपाध्याय ने पूरी करने के बाद अदालत में चार्जशीट दाखिल करदी थी। जबकि अभियोजन की तरफ से एडीजीसी अवध नरेश चन्देल ने दमदार पैरवी करते हुये मुल्जिमों को सख्त सजा देने की मांग की थी।






