कलेक्ट्रेट बना सियासी अखाड़ा, आमने-सामने भाजपा-कांग्रेस

सुल्तान अंसारी
जन एक्सप्रेस /रुद्रपुर:- हल्द्वानी में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा के बाद रामलीला मैदान के कथित शुद्धिकरण को लेकर शुरू हुआ राजनीतिक विवाद शुक्रवार को रुद्रपुर पहुंच गया। यहां कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों की नारेबाजी, धक्का-मुक्की और बैरिकेडिंग तोड़ने के प्रयास से माहौल तनावपूर्ण हो गया। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने मोर्चा संभाला और प्रदर्शनकारियों को पीछे हटाने के लिए लाठियां फटकारकर भीड़ को तितर-बितर किया। कुछ देर के लिए मौके पर भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हल्द्वानी के रामलीला मैदान के कथित शुद्धिकरण के विरोध में तथा राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज मुकदमे को वापस लेने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट कूच किया था।

यूथ कांग्रेस और वरिष्ठ नेताओं की अगुवाई में सैकड़ों कार्यकर्ता नैनीताल रोड से जुलूस के रूप में कलेक्ट्रेट की ओर बढ़े। पुलिस ने पहले से ही मुख्य गेट के पास बैरिकेडिंग कर भारी फोर्स तैनात कर रखी थी।कलेक्ट्रेट के नजदीक पहुंचते ही प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग हटाकर आगे बढ़ने का प्रयास किया। पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो दोनों पक्षों में तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। देखते ही देखते धक्का-मुक्की बढ़ गई। पुलिस ने पहले प्रदर्शनकारियों को पीछे धकेलने का प्रयास किया, लेकिन स्थिति नियंत्रित नहीं होने पर लाठियां फटकारकर भीड़ को पीछे किया। लाठी चलने की स्थिति बनते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई और प्रदर्शनकारी इधर-उधर भागते नजर आए।

पुलिस कार्रवाई पर कांग्रेस ने जताया विरोध
कांग्रेस नेताओं ने पुलिस की कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए आरोप लगाया कि कार्यकर्ताओं के साथ बल प्रयोग किया गया। कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों पर पेट और छाती पर डंडे मारने का आरोप लगाया। हालांकि, पुलिस की ओर से कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने की बात कही गई।हंगामे के दौरान कलेक्ट्रेट गेट के पास पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल अचानक बेहोश होकर गिर पड़े। इससे मौके पर मौजूद कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों में हड़कंप मच गया। उन्हें तत्काल प्राथमिक उपचार दिया गया, जिसके बाद उनकी हालत में सुधार बताया गया।

धरने पर बैठे कांग्रेसी, सरकार के खिलाफ की नारेबाजी
पुलिस से झड़प के बाद कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचे और धरने पर बैठ गए। इस दौरान प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने राहुल गांधी पर दर्ज मुकदमा वापस लेने तथा हल्द्वानी में रामलीला मैदान के कथित शुद्धिकरण में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की।प्रदर्शन के बाद कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपा। प्रदर्शन में किच्छा विधायक तिलकराज बेहड़, उपनेता प्रतिपक्ष भुवन कापड़ी, विधायक आदेश चौहान, पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल, नारायण पाल, सुमित्तर भुल्लर, ममता रानी, संजय जुनेजा, सर्वेश कुमार, अशोक राय, सौरभ शर्मा, अखिलेश सिंह, गुल मोहम्मद, निशांत शाही, श्यामल मंडल, फैजल अंसारी, राजू कोली और रविन्द्र गुप्ता समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।

कांग्रेस के विरोध में भाजपाई भी पहुंचे कलेक्ट्रेट
उधर, कांग्रेस के प्रदर्शन के विरोध में भाजपा कार्यकर्ता भी कलेक्ट्रेट पहुंच गए। भाजपा कार्यकर्ताओं का आरोप था कि कांग्रेस नेता लगातार भाजपा कार्यकर्ताओं को धमकी देते हुए आमने-सामने आने की चुनौती दे रहे हैं। इसी के विरोध में भाजपा कार्यकर्ता कांग्रेसियों के सामने पहुंच गए।मेट्रोपोलिस सिटी गेट के पास एकत्र भाजपा कार्यकर्ता झंडे-बैनर लेकर कलेक्ट्रेट की ओर बढ़े। इस दौरान नैनीताल हाईवे पर कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी की गई और राहुल गांधी का पुतला भी फूंका गया। कलेक्ट्रेट के बाहर दोनों पक्षों के आमने-सामने आने से पुलिस के सामने बड़ी चुनौती खड़ी हो गई।

बैरिकेडिंग तोड़ने पर पुलिस ने रोका
भाजपा कार्यकर्ताओं ने भी कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट की ओर बढ़ने का प्रयास किया। पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोकने की कोशिश की। कार्यकर्ताओं ने बैरिकेडिंग पार करने का प्रयास किया तो पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए उन्हें वहीं रोक दिया।दोनों दलों के कार्यकर्ताओं के बीच काफी देर तक नारेबाजी और तीखी नोकझोंक होती रही। पुलिस ने दोनों पक्षों के बीच सुरक्षा घेरा बनाकर उन्हें अलग रखा। पुलिस की मुस्तैदी के चलते मामला बड़े टकराव में बदलने से टल गया।

भाजपा नेताओं ने कांग्रेस पर साधा निशाना
भाजपा जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, महापौर विकास शर्मा और विधायक शिव अरोरा के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। महापौर विकास शर्मा ने कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस अपने राजनीतिक हितों के लिए समाज को धर्म और जाति के नाम पर बांटने का प्रयास कर रही है। भाजपा नेताओं ने हल्द्वानी के मामले को लेकर कांग्रेस पर कथित तौर पर भ्रामक प्रचार करने का आरोप लगाया।

कलेक्ट्रेट में घंटों बना रहा तनाव का माहौल
एक ही दिन में भाजपा और कांग्रेस के अलग-अलग प्रदर्शन और फिर दोनों पक्षों के कलेक्ट्रेट के बाहर आमने-सामने आने से पुलिस-प्रशासन की मुश्किलें बढ़ गईं। बैरिकेडिंग टूटने, पुलिस के बल प्रयोग और दोनों ओर से लगातार नारेबाजी के कारण कलेक्ट्रेट परिसर के आसपास घंटों तनाव का माहौल बना रहा। भारी पुलिस बल की तैनाती और दोनों पक्षों को अलग रखने की रणनीति से स्थिति को आखिरकार नियंत्रण में लिया गया।






