चार माह से डॉक्टर का इंतजार कर रहा पीएचसी बरवन, मरीजों का इलाज भगवान भरोसे

जन एक्सप्रेस/हरदोई :- सवायजपुर,हरदोई। ग्रामीणों को गांव के नजदीक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के सरकारी दावों के बीच प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) बरवन की बदहाल व्यवस्था सवाल खड़े कर रही है। यहां करीब चार माह से चिकित्सक की तैनाती नहीं है। स्वास्थ्य केंद्र फार्मासिस्ट, लैब टेक्नीशियन और सफाई कर्मचारी के सहारे संचालित हो रहा है। मंगलवार को की गई पड़ताल में निर्धारित समय पर फार्मासिस्ट भी स्वास्थ्य केंद्र में मौजूद नहीं मिले, जबकि लैब टेक्नीशियन करीब 11 बजे पहुंचे। ऐसे में इलाज के लिए पहुंचे मरीजों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा।
स्वास्थ्य केंद्र में फार्मासिस्ट ऋषिनाथ, लैब टेक्नीशियन भूपेंद्र दिवाकर और सफाई कर्मचारी मनोज कुमार की तैनाती बताई गई। मंगलवार को स्वास्थ्य केंद्र निर्धारित समय पर खुला मिला, लेकिन चिकित्सक के अभाव में मरीजों की जांच और उपचार के लिए कोई डॉक्टर मौजूद नहीं था। पड़ताल के दौरान सुबह 10:37 बजे तक फार्मासिस्ट मौजूद नहीं मिले, जबकि लैब टेक्नीशियन करीब 11 बजे पहुंचे। शुरुआत में मौके पर सफाई कर्मचारी ही मौजूद मिला।
झाड़ियों से घिरा अस्पताल परिसर
पीएचसी परिसर की स्थिति भी स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली को बयां कर रही है। परिसर में जगह-जगह घनी झाड़ियां उगी हैं। कर्मचारियों के आवास लंबे समय से बंद नजर आए और मुख्य द्वारों पर ताले लटके मिले। भवनों की हालत भी जर्जर दिखाई दी।

टंकी मौजूद, लेकिन खराब पड़ी टोटी
मरीजों और तीमारदारों के लिए पेयजल व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं मिली। परिसर में पानी की टंकी तो है, लेकिन टोटी खराब होने के कारण पानी की सुविधा प्रभावित है। बिजली का कनेक्शन होने के बावजूद कई कमरों में बल्ब तक नहीं लगे हैं। स्वास्थ्य केंद्र में महज दो बेड उपलब्ध मिले।
टूटे दरवाजे-खिड़कियां खोल रहीं व्यवस्था की पोल
कार्यालय, ओपीडी, नेत्र परीक्षण कक्ष और सामान्य वार्ड के दरवाजों में पल्ले नहीं लगे हैं। पैथोलॉजी कक्ष का दरवाजा टूटा मिला, जबकि कई खिड़कियां भी क्षतिग्रस्त अवस्था में हैं। भवन और उपकरणों के रखरखाव की स्थिति स्वास्थ्य केंद्र की नियमित देखरेख पर सवाल खड़े करती है।
कई गांवों के मरीजों की जिम्मेदारी
पीएचसी बरवन से बरवन, मझिगवां, मिरिकापुर, जनियामऊ, सबदलपुर, रामापुर छैया, पकरी, सोनेपुर, धरहर, धर्मपुर, रामपुर लालजी और बाजपुर नकटौरा समेत आसपास के कई गांवों के लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं मिलनी हैं। इसके बावजूद चार माह से चिकित्सक की तैनाती न होने से ग्रामीणों को इलाज के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है। मंगलवार को दवा लेने पहुंचे मरीजों को भी कर्मचारियों के इंतजार में काफी देर बैठना पड़ा।ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग से पीएचसी बरवन की व्यवस्थाओं की जांच कराने, नियमित सफाई सुनिश्चित करने, जर्जर भवन व क्षतिग्रस्त दरवाजे-खिड़कियों की मरम्मत कराने तथा जल्द चिकित्सक की तैनाती की मांग की है, ताकि आसपास के ग्रामीणों को उपचार के लिए दूर न जाना पड़े।




