
जन एक्सप्रेस /नई टिहरी :- वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे के निर्देशन में तकनीक-सक्षम और दक्ष पुलिस बल तैयार करने के उद्देश्य से पुलिस लाइन आरटीसी चम्बा में पुलिस संचार (वायरलेस) शाखा द्वारा प्रशिक्षु आरक्षियों के लिए दो दिवसीय तकनीकी प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य आधुनिक तकनीक के माध्यम से पुलिसिंग को अधिक प्रभावी, त्वरित और पारदर्शी बनाना है।
आधुनिक संचार प्रणाली का दिया गया प्रशिक्षण
प्रशिक्षण के दौरान पुलिस संचार टीम ने प्रशिक्षु आरक्षियों को रेडियो कम्युनिकेशन प्रणाली की विस्तृत जानकारी दी। उन्हें लोअर बैंड और हायर बैंड वायरलेस सेट, रेडियो टेलीफोन, स्टेटिक सेट और हैंड सेट के संचालन, रखरखाव तथा संचार अनुशासन का व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
मोबाइल डेटा और तकनीक के बेहतर उपयोग पर जोर
प्रशिक्षुओं को मोबाइल डेटा के माध्यम से सूचनाओं के सुरक्षित और त्वरित आदान-प्रदान, विभिन्न पुलिस इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और आधुनिक तकनीक के जरिए पुलिस कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने के बारे में विस्तार से बताया गया।
डायल-112 की पूरी कार्यप्रणाली समझाई
प्रशिक्षण में डायल-112 की संपूर्ण प्रक्रिया का भी प्रदर्शन किया गया। प्रशिक्षुओं को बताया गया कि आपातकालीन कॉल प्राप्त होने से लेकर कंट्रोल रूम, संबंधित थाना, पीआरवी की त्वरित कार्रवाई और घटना के सफल निस्तारण तक पूरी प्रक्रिया किस प्रकार संचालित होती है।
सीसीटीवी और आपदा प्रबंधन पर विशेष फोकस
प्रशिक्षण के दौरान सीसीटीवी निगरानी प्रणाली, विभिन्न प्रकार के कैमरों, रिकॉर्डिंग के सुरक्षित संरक्षण और जांच प्रक्रिया की जानकारी दी गई। साथ ही आपदा एवं अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में संचार व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने, त्वरित सूचना प्रसारण और विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित करने का भी व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
स्मार्ट पुलिसिंग के लिए नियमित प्रशिक्षण जरूरी
प्रशिक्षकों ने प्रशिक्षु आरक्षियों को आधुनिक संचार उपकरणों के दक्ष उपयोग, तकनीकी ज्ञान को लगातार अपडेट रखने और किसी भी आपात स्थिति में त्वरित एवं समन्वित पुलिस रिस्पॉन्स सुनिश्चित करने के लिए नियमित अभ्यास और प्रशिक्षण के महत्व पर विशेष बल दिया।






