अखिल भारतीय संत समिति ने डीजीपी को प्रेषित किया ज्ञापन

ऋषिकेश । संतों का भेष धारण कर अपराधी प्रवृत्ति के लोगों के सत्यापन की मांग तीर्थ नगरी में प्रखर रूप से उठने लगी है। इस संदर्भ में अखिल भारतीय संत समिति ने उत्तराखंड के पुलिस महानिदेशक को एक ज्ञापन प्रेषित किया है।
अखिल भारतीय संत समिति ने महामंडलेश्वर दयाराम दास महाराज की नेतृत्व में तीर्थ नगरी मैं साधु संतों के वेश में घूम रहे लोगों का सत्यापन कराने के संबंध में थाना मुनि की रेती लक्ष्मण झूला में जाकर पुलिस महानिदेशक के लिए ज्ञापन प्रेषित किया।
प्रेषित ज्ञापन में अवगत कराया गया कि देवभूमि के स्वर्गाश्रम, मुनि की रेती, तपोवन, ऋषिकेश आदि जगहों पर कुछ बाहरी लोग साधु संत के वेष में घूमकर तीर्थनगरी की छवि को धूमिल कर रहे हैं। यह लोग बांग्लादेशी और अन्य देशों से आकर त्रिवेणी घाट समेत गंगा किनारे और तटों पर अपना रेन बसेरा बना रहे हैं। ये लोग पर्यटकों और सैलानियों को स्मैक,चरस आदि की सप्लाई भी की जा रही है।
हाल ही में थाना मुनि की रेती क्षेत्र में हरियाणा निवासी एक फक्कड़ बाबा ने एक युवक को स्मैक और कुछ पैसे के लिए मौत के घाट उतार दिया था। इस घटना से तीर्थनगरी का संत समाज आहत है। इससे संत समाज की छवि भी धूमिल हो रही है।
ज्ञापन में बताया गया कि तीर्थनगरी में लाखों की तादाद में देश, विदेश के पर्यटक और सैलानी आते हैं। अप्रैल महीने से चारधाम यात्रा का आगाज होने जा रहा है। साथ ही तीर्थनगरी में जी- 20 के कार्यक्रम भी होने वाले हैं, जो सुरक्षा की दृष्टि से ठीक नहीं है। ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति दोबारा न हो इसके लिए पुलिस प्रशासन को तीर्थनगरी में सत्यापन अभियान चलाकर ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना आवश्यक है। ज्ञापन में कार्रवाई ना होने पर आंदोलन की चेतावनी भी संत समाज ने दी है।






