ग्रामोदय विश्वविद्यालय का 13वां दीक्षांत समारोह सम्पन्न, राज्यपाल ने दी उपाधियां
37 शोधार्थियों को पीएचडी, 35 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक और दिशा साहू को नानाजी स्मृति स्वर्ण पदक प्रदान; दीक्षांत शोभायात्रा रही आकर्षण का केंद्र

जन एक्सप्रेस चित्रकूट:महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय का 13वां दीक्षांत समारोह भव्य परंपरा, गरिमा और उत्साह के साथ सम्पन्न हुआ। समारोह की अध्यक्षता मध्यप्रदेश के राज्यपाल ने की, जबकि उच्च शिक्षा मंत्री मुख्य अतिथि और दीनदयाल शोध संस्थान के संगठन सचिव विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।समारोह में रेगुलर मोड के 37 पीएचडी, 762 स्नातक व स्नातकोत्तर, तथा दूरवर्ती मोड के 9068 और सीएमसीएलडीपी कार्यक्रम के 15,755 विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की गईं।राज्यपाल ने मंच से 35 उत्कृष्ट विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक और कृषि संकाय की दिशा साहू को नानाजी देशमुख स्मृति स्वर्ण पदक प्रदान किया। दीक्षांत शोभायात्रा में परंपरागत वेशभूषा में सजे अतिथियों और सदस्यगण की उपस्थिति ने समारोह को सांस्कृतिक गरिमा प्रदान की।
राज्यपाल ने विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि समृद्धि के शिखर पर पहुंचने के बाद भी विद्यार्थी अपने माता-पिता, समाज और देश को न भूलें। उन्होंने नानाजी देशमुख के सेवा कार्यों का स्मरण करते हुए विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे समाज कल्याण के लिए कार्य करें और भारत के भविष्य निर्माण में योगदान दें।
उच्च शिक्षा मंत्री का उद्बोधन:
उच्च शिक्षा मंत्री ने विद्यार्थियों से कहा कि वे उपाधि और स्वर्ण पदक के साथ नानाजी के आदर्शों को भी जीवन में साथ लेकर जाएं। उन्होंने ग्रामोदय विश्वविद्यालय को शिक्षा की दृष्टि से देश में अग्रणी बनाने के लिए सरकार की ओर से निरंतर सहयोग का आश्वासन दिया।अभय महाजन ने विद्यार्थियों को स्वदेशी दृष्टिकोण अपनाने की प्रेरणा दी। डॉ. अतुल कोठारी ने विद्यार्थियों से कहा कि वे सफलता के साथ-साथ समाज और मानवता के कल्याण में भी योगदान दें।कुलगुरु प्रो. भरत मिश्रा ने विश्वविद्यालय की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की और बताया कि विश्वविद्यालय को NAAC से A++ ग्रेड और UGC से श्रेणी-1 की स्वायत्तता प्राप्त है।
प्रदर्शनियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बढ़ाई शोभा:
समारोह के दौरान ग्राम जीवन प्रदर्शनी, नानाजी देशमुख पर आधारित चित्रकला प्रदर्शनी, और लोक संस्कृति से सजे सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने अतिथियों को अभिभूत किया। राज्यपाल ने विश्वविद्यालय परिसर में बने नव निर्मित किसान भवन के प्रथम तल का लोकार्पण भी किया।






