बदलापुर CHC का वीडियो और ऑडियो वायरल, कथित विवादित बयान से मचा हड़कंप

जन एक्सप्रेस/जौनपुर: जिले के बदलापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) से जुड़ा एक कथित वीडियो और ऑडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल सामग्री को लेकर स्वास्थ्य विभाग में हलचल मच गई है और स्थानीय स्तर पर इस मामले को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
जानकारी के अनुसार वायरल वीडियो और ऑडियो में अस्पताल से जुड़े दो कर्मचारियों के नाम सामने आ रहे हैं। आरोप है कि इस वीडियो में अमरजीत गौतम और कुलदीप गौतम नामक कर्मचारियों का जिक्र किया जा रहा है, जो कथित तौर पर बदलापुर CHC में कार्यरत बताए जा रहे हैं। हालांकि वायरल सामग्री की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है।
सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे ऑडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि उसमें देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया है। इसके अलावा मरीजों के प्रति भी कथित तौर पर अभद्र शब्दों का प्रयोग किए जाने और कुछ सामाजिक वर्गों को लेकर विवादित टिप्पणी करने का आरोप लगाया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि यह वीडियो और ऑडियो लगभग दो दिन पुराना है, लेकिन अब यह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल होते ही इस मामले ने तूल पकड़ लिया और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों में भी हलचल देखने को मिली।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि वायरल सामग्री में किए जा रहे दावे सही पाए जाते हैं तो यह बेहद गंभीर मामला है। सरकारी अस्पतालों में मरीज इलाज और सम्मान की उम्मीद लेकर आते हैं। ऐसे में यदि अस्पताल से जुड़े कर्मचारी ही इस तरह की भाषा का प्रयोग करते हैं तो यह स्वास्थ्य व्यवस्था की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला है।
इस पूरे मामले में यह भी चर्चा है कि संबंधित कर्मचारी अमरजीत गौतम का पहले भी एक विवादित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है। हालांकि इस संबंध में आधिकारिक तौर पर किसी भी स्तर पर पुष्टि नहीं की गई है।
फिलहाल स्वास्थ्य विभाग की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। वहीं आमजन और सामाजिक संगठनों की ओर से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठ रही है। लोगों का कहना है कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
अब सबकी निगाहें प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की जांच पर टिकी हुई हैं। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि वायरल वीडियो और ऑडियो में किए जा रहे दावे कितने सही हैं और इस मामले में आगे क्या कार्रवाई की जाएगी।






