
जन एक्सप्रेस/हरिद्वार: शहीद दिवस के पावन अवसर पर देव संस्कृति विश्वविद्यालय (DSVV) में अमर बलिदानियों की स्मृति में एक अत्यंत भावपूर्ण कार्यक्रम ‘एक शाम शहीदों के नाम’ का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं द्वारा संचालित सोशल आउटरीच क्लब – ‘सृजन शिल्पी’ के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य शहीदों के त्याग को नमन करना और नई पीढ़ी में राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना को जागृत करना था।
डॉ. चिन्मय पंड्या के मार्गदर्शन में मिली प्रेरणा
विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पंड्या के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुए इस आयोजन में छात्रों ने पूरी ऊर्जा और श्रद्धा के साथ सहभागिता की। कार्यक्रम की शुरुआत एक उत्साहवर्धक टीम एक्टिविटी के साथ हुई, जिसने उपस्थित युवाओं में सामूहिकता और राष्ट्र सेवा के प्रति जोश भर दिया।
शहीदों के बलिदान को नमन
कार्यक्रम के दौरान ‘बलिदान को नमन’ सत्र का विशेष आकर्षण रहा। विद्यार्थियों ने भावपूर्ण कविताओं, ओजस्वी लेखों और अपनी अभिव्यक्तियों के माध्यम से स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष को याद किया। युवा वक्ताओं ने कहा कि आज हम जो खुली हवा में सांस ले रहे हैं, वह हमारे उन अमर शहीदों के बलिदानों की देन है, जिन्होंने हंसते-हंसते देश के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया।
प्रज्ञा गीतों से गूँज उठा विश्वविद्यालय परिसर
कार्यक्रम में देशभक्ति की लहर तब और तीव्र हो गई जब युवाओं ने ‘वयं राष्ट्रे जाग्रतम्’ के उद्घोष के साथ प्रज्ञा गीतों का गायन किया। “नौजवानों उठो, वक्त यह कह रहा, खुद को बदलो जमाना बदल जाएगा” जैसे गीतों ने उपस्थित सभी छात्र-छात्राओं और आचार्यों में राष्ट्र के प्रति कर्तव्यबोध को जागृत किया।
इस अवसर पर देसंविवि के आचार्यों, आचार्याओं और बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने उपस्थित होकर राष्ट्र के वीर सपूतों को श्रद्धांजलि अर्पित की।






