जौनपुर: मेहौड़ा गांव में सार्वजनिक रास्ते पर दबंगई, अतिक्रमण का विरोध करने पर मिली जान से मारने की धमकी; 10 नामजद पर FIR

जन एक्सप्रेस/ जौनपुर : जनपद के गौराबादशाहपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत मेहौड़ा गांव में पुश्तैनी सार्वजनिक रास्ते पर अतिक्रमण करने और विरोध करने पर गाली-गलौज व जान से मारने की धमकी देने का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने गांव के ही 10 नामजद और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर कानूनी कार्रवाई तेज कर दी है।
क्या है पूरा विवाद?
मेहौड़ा गांव निवासी गोरखनाथ राय पुत्र स्व. शिवनाथ ने थाने में दी गई तहरीर में बताया कि उनके मकान के दक्षिण दिशा में पूर्वजों के समय से लगभग 7 से 8 फीट चौड़ा एक आम रास्ता है। पीड़ित का आरोप है कि गांव के ही दबंगों ने इस रास्ते पर कब्जा करने की नीयत से वहां निर्माण कार्य शुरू कर दिया है।
पीड़ित के मुख्य आरोप:
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अवैध निर्माण: आरोपी महेंद्र और ज्ञानेंद्र (पुत्र स्व. सूर्यभान) ने मकान बनवाने के लिए सार्वजनिक रास्ते की जमीन में नींव भर दी है।
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आवागमन बाधित: रास्ते पर ईंटें और निर्माण सामग्री रखकर मार्ग को पूरी तरह अवरुद्ध कर दिया गया है, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी हो रही है।
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सुरक्षा का खतरा: पीड़ित के अनुसार, रास्ते पर जमा ईंटों के कारण जहरीले जीव-जंतु उनके घर में घुस रहे हैं। साथ ही, रास्ते पर कब्जे के कारण वह अपने मकान की रंगाई-पुताई भी नहीं करा पा रहे हैं।
गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी
आरोप है कि जब गोरखनाथ राय ने सार्वजनिक मार्ग को खाली करने का अनुरोध किया, तो आरोपी लामबंद हो गए। उन्होंने पीड़ित को भद्दी-भद्दी गालियां दीं और मारपीट पर उतारू होकर जान से मारने की धमकी दी।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया है। नामजद आरोपी: महेंद्र, ज्ञानेंद्र, विनीत, सुमित, नवनीत, प्रेमशंकर, आद्या प्रसाद, मनोज राय, हर्षित राय और रजत राय। इनके अलावा कुछ अज्ञात लोगों पर भी मुकदमा दर्ज है।
थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच उपनिरीक्षक प्रदीप कुमार सिंह को सौंपी गई है। जल्द ही स्थल निरीक्षण कर अतिक्रमण हटवाने और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।






