
जिला संवाददाता – सीपी बहुगुणा
जन एक्सप्रेस / देहरादून: सऊदी अरब में पिछले आठ वर्षों से बंधक जैसी स्थिति में फंसे उत्तरकाशी के डुंडा ब्लॉक के गोरसाड़ा गांव निवासी इंद्रमणि नौटियाल की सकुशल स्वदेश वापसी के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्रीय विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर को पत्र लिखा है। मुख्यमंत्री ने भारत सरकार से मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर इंद्रमणि को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।
इंद्रमणि नौटियाल, पुत्र देवी राम नौटियाल, वर्ष 2018 में रोजगार के सिलसिले में सऊदी अरब गए थे। वह रियाद की पिकक रोड्स एंड कॉन्ट्रेक्टिंग कंपनी में ट्रक चालक के तौर पर काम करते थे। इसी दौरान वर्ष 2018 में एक सड़क दुर्घटना हुई, जिसके बाद सऊदी अदालत ने उन्हें एक वर्ष के कारावास की सजा सुनाई और कंपनी मालिक पर 9 लाख सऊदी रियाल यानी करीब 2.29 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया।
परिवार का आरोप है कि जुर्माने की राशि का भुगतान नहीं होने के कारण कंपनी मालिक ने इंद्रमणि को बंधक जैसी स्थिति में रखा और उन पर लगातार दबाव बनाया जा रहा है। घटना के बाद उनकी पत्नी और पुत्री ने कई स्तरों पर मदद की गुहार लगाई, लेकिन अपेक्षित सहयोग नहीं मिलने से परिवार मानसिक और आर्थिक संकट से गुजर रहा है।
मुख्यमंत्री धामी ने विदेश मंत्री को लिखे पत्र में इंद्रमणि नौटियाल को बंधक जैसी स्थिति से मुक्त कराने, आवश्यक न्यायिक एवं आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने और उन्हें सकुशल भारत वापस लाने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करने का आग्रह किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विदेश में कठिन परिस्थितियों में फंसे किसी भी उत्तराखंडी की मदद के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। उन्होंने केंद्र सरकार से इस मामले में मानवीय आधार पर प्रभावी कदम उठाने की अपेक्षा जताई है।
इस संवेदनशील मामले में विभिन्न राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों ने भी इंद्रमणि नौटियाल के परिवार के साथ एकजुटता दिखाई है। राज्य सरकार को उम्मीद है कि विदेश मंत्रालय के हस्तक्षेप से इंद्रमणि नौटियाल की जल्द स्वदेश वापसी संभव होगी और उनके परिवार को राहत मिलेगी।






