
जन एक्सप्रेस /पौड़ी। मिशन शिक्षण संवाद उत्तराखण्ड द्वारा आयोजित 9वीं राज्य स्तरीय शैक्षिक उन्नयन गोष्ठी में उत्तरकाशी जिले के राजकीय आदर्श प्राथमिक विद्यालय बड़ेथी (चिन्यालीसौड़) ने प्रदेशभर में अपनी अलग पहचान बनाई। विद्यालय को प्रतिष्ठित ‘मेरा विद्यालय–मेरा गौरव’ सम्मान से सम्मानित किया गया। वहीं विद्यालय के सहायक अध्यापक हरीश नौटियाल और गोपाल सिंह नेगी को ‘अनमोल रत्न शिक्षा सम्मान 2026’ से सम्मानित किया गया।
पौड़ी में आयोजित हुआ राज्य स्तरीय सम्मान समारोह
कार्यक्रम का आयोजन जी.बी. पंत इंजीनियरिंग कॉलेज, घुड़दौड़ी (पौड़ी) में किया गया। समारोह में शिक्षा में नवाचार, सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT) के प्रभावी उपयोग तथा उत्कृष्ट शैक्षिक योगदान के लिए राज्यभर के शिक्षकों और विद्यालयों को सम्मानित किया गया।
इस दौरान 8 शिक्षकों को अनमोल रत्न शिक्षा सम्मान 2026, 29 शिक्षकों को उत्कृष्ट शिक्षक सम्मान 2026 तथा 4 विद्यालयों को ‘मेरा विद्यालय–मेरा गौरव’ सम्मान प्रदान किया गया।
उत्तरकाशी के शिक्षकों का शानदार प्रदर्शन
उत्तरकाशी के लिए यह समारोह विशेष उपलब्धि लेकर आया। बड़ेथी विद्यालय को राज्य के सर्वश्रेष्ठ विद्यालयों में स्थान मिला। इसके अलावा विद्यालय के सहायक अध्यापक हरीश नौटियाल और गोपाल सिंह नेगी को उनके नवाचार और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण कार्य के लिए सम्मानित किया गया।
साथ ही उत्तरकाशी की डॉ. सोनम नेगी को भी उत्कृष्ट शिक्षक सम्मान 2026 से नवाजा गया।
समर्पण से बदल रही सरकारी स्कूलों की तस्वीर
समारोह में वक्ताओं ने कहा कि विद्यालय केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि संस्कार और व्यक्तित्व निर्माण की पहली पाठशाला है। सीमित संसाधनों के बावजूद बड़ेथी विद्यालय ने यह साबित किया है कि समर्पित शिक्षक किसी भी विद्यालय को उत्कृष्ट बना सकते हैं।
उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति को सफल बनाने में सरकारी विद्यालयों और नवाचार करने वाले शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे शिक्षक आने वाली पीढ़ी का भविष्य संवार रहे हैं और समाज के लिए प्रेरणा बन रहे हैं।
कार्यक्रम में मिशन शिक्षण संवाद की टीम ने सम्मानित शिक्षकों और विद्यालयों को बधाई देते हुए शिक्षा के क्षेत्र में उनके योगदान की सराहना की।






