उत्तराखंड

जोंडला क्षेत्र में गुलदार का सफल रेस्क्यू, ग्रामीणों ने ली राहत की सांस

अगस्त्यमुनि के समीप वन विभाग की सतर्कता से टला बड़ा खतरा

जन एक्सप्रेस जोंडला (अगस्त्यमुनि): रात्रि लगभग 10 बजे जोंडला, अगस्त्यमुनि क्षेत्र के समीप वन विभाग की टीम ने एक गुलदार (तेंदुआ) का सफलतापूर्वक ट्रैपिंग कर रेस्क्यू किया। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में लंबे समय से बना भय और दहशत का माहौल समाप्त हो गया है तथा स्थानीय ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है।गौरतलब है कि लगभग एक माह पूर्व पाला मल्लि ग्राम, जोंडला क्षेत्र में एक दुर्भाग्यपूर्ण मृत्यु की घटना सामने आई थी, जिसमें गुलदार की संलिप्तता की सूचना प्राप्त हुई थी। इसके बाद वन विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए क्षेत्र में लगातार गश्त, तकनीकी निगरानी और सतत अवलोकन शुरू किया।

मानक प्रोटोकॉल के तहत की गई कार्रवाई

वन विभाग द्वारा सभी निर्धारित मानक कार्यविधियों (SOPs) एवं वन्यजीव प्रबंधन प्रोटोकॉल का पूर्ण पालन करते हुए रणनीतिक योजना बनाई गई। गुलदार की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए पिंजरा स्थापित किया गया, जिसके फलस्वरूप 13 दिसंबर की रात्रि गुलदार को पूरी तरह सुरक्षित तरीके से ट्रैप कर लिया गया।रेस्क्यू अभियान के दौरान किसी प्रकार की जनहानि अथवा संपत्ति को नुकसान नहीं पहुंचा। पकड़े गए गुलदार को आवश्यक चिकित्सकीय परीक्षण एवं आगे की वैधानिक कार्रवाई के लिए सुरक्षित रूप से वन विभाग के सुपुर्द कर दिया गया है।वन विभाग ने स्थानीय ग्रामीणों से अपील की है कि वन्यजीवों की गतिविधियों की सूचना तुरंत विभाग को दें तथा किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें। विभाग ने आश्वासन दिया है कि क्षेत्र में आगे भी निरंतर निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी जाएगी, जिससे मानव–वन्यजीव संघर्ष की घटनाओं को रोका जा सके।इस सफल रेस्क्यू अभियान में रेंजर एच.एस. रावत, योगेंद्र पुरोहित, वन रक्षक भूपेंद्र सिंह राणा, बीट अधिकारी जयवीर लाल, वन दरोगा सहित पूरी टीम की सक्रिय, सतर्क और समन्वित भूमिका रही।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button