जौनसार बावर में पर्यटन के साथ संस्कृति संरक्षण जरूरी: विजय रावत

जन एक्सप्रेस /देहरादून:- पूर्व जिला पंचायत सदस्य एवं भाजपा नेता विजय रावत ने कहा है कि जौनसार बावर क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ यहां की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक मर्यादाओं का संरक्षण भी समान रूप से आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि जौनसार बावर अपनी विशिष्ट जनजातीय संस्कृति, लोक परंपराओं, रीति-रिवाजों, भाषा और सामाजिक मूल्यों के कारण पूरे उत्तराखंड में अपनी अलग पहचान रखता है। ऐसे में पर्यटन के विस्तार से क्षेत्र की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे, लेकिन यदि सांस्कृतिक परंपराओं और स्थानीय मर्यादाओं की अनदेखी की गई तो इससे क्षेत्र की मूल पहचान प्रभावित हो सकती है।
विजय रावत ने कहा कि पर्यटन का विकास ऐसी योजनाओं और नीतियों के तहत किया जाना चाहिए, जिनमें स्थानीय समुदाय की संस्कृति, परंपराओं और जीवनशैली का पूर्ण संरक्षण सुनिश्चित हो। उन्होंने पर्यटकों से भी जौनसार बावर की सांस्कृतिक संवेदनशीलता और स्थानीय रीति-रिवाजों का सम्मान करने की अपील की।
उन्होंने सरकार, पर्यटन विभाग और स्थानीय प्रशासन से जिम्मेदार एवं सतत पर्यटन (Sustainable Tourism) को बढ़ावा देने की मांग की। उनका कहना था कि पर्यटन विकास में स्थानीय लोगों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि आर्थिक विकास के साथ-साथ सांस्कृतिक धरोहर भी सुरक्षित रह सके।
विजय रावत ने क्षेत्र के स्थानीय निवासियों, युवाओं, होमस्टे संचालकों और पर्यटन व्यवसाय से जुड़े सभी लोगों से आह्वान किया कि वे जौनसार बावर की सांस्कृतिक मर्यादा और परंपराओं को संरक्षित रखने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि पर्यटन और संस्कृति का संतुलित विकास ही क्षेत्र की स्थायी प्रगति का आधार बनेगा।






