देश

कांग्रेस के 139वें स्थापना दिवस पर पार्टी के नेताओं ने फहराया झंडा…..

नई दिल्ली। कांग्रेस के 139वें स्थापना दिवस पर पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने आज कांग्रेस मुख्यालय पर झंडा फहराया और कार्यकर्ताओं को बधाई देते हुए कहा कि यह दिवस राष्ट्र के प्रति कांग्रेस की निष्ठा और समर्पण का प्रतीक है।

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खडगे, पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी, महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा तथा अन्य नेताओं ने इस मौके को राष्ट्र के प्रति कार्यकत्ताओं के समर्पण का प्रतीक बताया और कहा कि सत्य, अहिंसा, परस्पर सम्मान और भाईचारे की यह परंपरा ही कांग्रेस का दूसरा नाम है। खडगे ने कहा “कांग्रेस का उद्देश्य जन-कल्याण और देश के लोगों की उन्नति है।

हम संसदीय लोकतंत्र पर आधारित ऐसे भारत में विश्वास रखते हैं जिसमें समानता हो, बिना किसी भेदभाव के सभी के लिए अवसर हो और संविधान में रचे-बसे राजनीतिक, आर्थिक और सामाजिक अधिकारों का पालन हो। हमें गर्व है कि पिछले 138 वर्षों से हम पूरी ईमानदारी के साथ ऐसे भारत के निर्माण में संघर्षरत हैं। स्थापना दिवसपर मेरी ओर से हर एक भारतीय को हार्दिक शुभकामनाएं।”

उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा “स्थापना दिवस पर हमारा कर्तव्य है कि हम बड़ी संख्या में इकट्ठा हों और देश भर में यह संदेश दें कि कांग्रेस पार्टी कभी भी अपनी विचारधारा से दूर नहीं जाएगी और अपने विचार के साथ आगे बढ़ेगी। हम नागपुर से संदेश देना चाहते हैं कि 2024 लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर हम काम कर रहे हैं। एक खुशहाल और समृद्ध भारत के निर्माण के लिए आगे आएं, अपना कर्तव्य निभाएं।
हाथ से हाथ जोड़कर कांग्रेस को मजबूत करें। कांग्रेस जितनी सशक्त होगी अधिकारों की लड़ाई पार्टी उतनी ही बुलंदी के साथ लड़ेगी।” श्री गांधी ने कहा “सत्य और अहिंसा जिसकी बुनियाद है।मोहब्बत, भाईचारा, सम्मान और समानता जिसके स्तंभ हैं और देशप्रेम जिसकी छत है।मुझे फक्र है कि मैं ऐसे संगठन का हिस्सा हूं, गर्व है कि मैं कांग्रेस का एक भाग हूं। कांग्रेस स्थापना दिवस की सभी नेतागणों, पदाधिकारियों, समर्थकों और मेरे प्यारे बब्बर शेर और शेरनी कार्यकर्ताओं को हार्दिक शुभकामनाएं।’

वाड्रा ने कहा ‘स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान महात्मा गांधी जी ने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की गतिविधियों को संचालित करने के लिए ‘तिलक स्वराज फंड’ की शुरुआत की थी। इसका मकसद असहयोग आंदोलन के लिए पैसे जुटाना था ताकि ‘स्वराज’ की स्थापना हो सके।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button