
जन एक्सप्रेस/विकासनगर ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से चकराता ब्लॉक में मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के तहत एक दिवसीय जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं और स्थानीय उद्यमियों को योजना के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता खंड विकास अधिकारी राकेश बिष्ट ने की। इस अवसर पर उप प्रमुख सुश्री सुलोचना रावत, मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के इन्क्यूबेशन मैनेजर विपिन रतूड़ी तथा ब्लॉक मिशन मैनेजर डॉ. पूजा गौड़ विशेष रूप से उपस्थित रहे।
कार्यशाला को संबोधित करते हुए इन्क्यूबेशन मैनेजर विपिन रतूड़ी ने बताया कि मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के अंतर्गत स्वयं सहायता समूहों और एकल उद्यमी महिलाओं को व्यापार पंजीकरण, कौशल विकास प्रशिक्षण, स्वरोजगार स्थापना, मार्केटिंग, ब्रांडिंग, लेबलिंग और पैकेजिंग जैसी महत्वपूर्ण सेवाएं निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने प्रतिभागियों को योजना का लाभ उठाकर अपना स्वयं का व्यवसाय शुरू करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में उद्यमिता की सोच विकसित करने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया गया। साथ ही बताया गया कि आने वाले दिनों में त्यूनी, क्वासी, मिंडल, लाखामंडल और अटाल क्षेत्रों में विशेष बूथ कैंप आयोजित किए जाएंगे, जहां इच्छुक उद्यमियों को हैंडहोल्डिंग सपोर्ट और तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा।
कार्यशाला में बड़ी संख्या में स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं, युवा उद्यमी और स्थानीय नागरिक शामिल हुए। प्रतिभागियों ने योजना को रोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताते हुए इसकी सराहना की।






