जमीन विवाद और रंगदारी प्रकरण को लेकर आरोप-प्रत्यारोप
दोनों पक्षों ने अधिकारियों से लगाई न्याय की गुहार

जन एक्सप्रेस/जौनपुर: जौनपुर लाइन बाजार थाना क्षेत्र के पचहटीया गांव में दो पक्षों के बीच जमीन और रंगदारी को लेकर गंभीर आरोप-प्रत्यारोप का मामला सामने आया है। दोनों ही पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ प्रशासनिक अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की मांग की है।
रतन सिंह चौहान, जो रामघाट सेवा समिति ट्रस्ट के प्रभारी हैं, ने पुलिस अधीक्षक जौनपुर को प्रार्थना पत्र देकर विपरीत पक्ष के विरेन्द्र चौहान पर पांच लाख रुपये की रंगदारी मांगने का आरोप लगाया है। रतन सिंह चौहान के अनुसार, 11 अक्टूबर 2025 को विरेन्द्र चौहान ने उन्हें फोन कर धमकी दी कि यदि मांगी गई रकम नहीं दी गई तो उनका “पुराना मामला” मीडिया में उछाल दिया जाएगा और उनके खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज कराए जाएंगे।
रतन सिंह चौहान ने इस मामले में थाना लाइन बाजार पुलिस से उचित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की मांग की है।
वहीं बीते शुक्रवार को किशुना देवी उर्फ कृष्णा देवी, निवासी पचहटीया, ने जिलाधिकारी जौनपुर को दिए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया है कि उनके पति शिवउजागीर पुत्र फेरारी, जो दर्ज खातेदार हैं, बीते कुछ समय से मानसिक रूप से अस्वस्थ हैं और अत्यधिक शराब का सेवन कर रहे हैं। इसी मानसिक स्थिति का लाभ उठाते हुए गांव के ही रतन सिंह चौहान द्वारा उनकी जमीन अपने नाम कराने की साजिश रची जा रही है।
किशुना देवी का कहना है कि रतन चौहान उनके पति को लगातार शराब पिलाकर बहला-फुसलाकर उनसे बैनामा कराने की योजना बना रहा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि रतन चौहान द्वारा उन्हें व उनके परिवार को धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने जिलाधिकारी से मांग की है कि यदि किसी भी समय उनके पति को विक्रय विलेख (रजिस्ट्री) कराने के लिए ले जाया जाता है, तो पहले उनका मानसिक परीक्षण सरकारी चिकित्सक से कराया जाए और दबंग व्यक्ति के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए उनके परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
दोनों पक्षों के इन प्रार्थना पत्रों के चलते गांव में चर्चा तेज है। एक ओर जहां एक परिवार जमीन हड़पने की साजिश का आरोप लगा रहा है, वहीं दूसरी ओर रंगदारी मांगने का आरोप सामने आया है।
फिलहाल, दोनों प्रार्थनाएं प्रशासनिक अधिकारियों के समक्ष विचाराधीन हैं और संबंधित थाने की पुलिस मामले की जांच में जुटी है।






