उत्तर प्रदेशबहराइचशिक्षा-रोज़गार

शिक्षक दिवस एमएलए, एमएलसी, डीएम व सीडीओ ने शिक्षकों को किया सम्मानित

बेसिक शिक्षा के 75 और माध्यमिक के 19 शिक्षकों को मिला सम्मान

जन एक्सप्रेस/संवाददाता 

बहराइच। भारत रत्न, पूर्व राष्ट्रपति, दार्शनिक, विचारक एवं महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जन्म दिवस (शिक्षक दिवस) के अवसर पर लोकभवन सभागार लखनऊ में आयोजित शिक्षक सम्मान समारोह के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ द्वारा बेसिक शिक्षा विभाग के 75 एवं माध्यमिक शिक्षा विभाग के 19 शिक्षकों को राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इसके अलावा परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों हेतु 2.09 लाख टैबलेट वितरण कार्यक्रम एवं बेसिक शिक्षा विभाग के विद्यालयों हेतु 18381 स्मार्ट क्लास व 880 आईसीटी का उद्घाटन भी मुख्यमंत्री द्वारा किया गया।

इस अवसर पर कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित कार्यक्रम में एमएलसी डॉ. प्रज्ञा त्रिपाठी व विधायक नानपारा राम निवास वर्मा ने जिलाधिकारी मोनिका रानी, मुख्य विकास अधिकारी कविता मीना के साथ 15 शिक्षकों व रंगोली बनाने वाली शिक्षिकाओं को अंगवस्त्र, प्रशस्ति पत्र व स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम के दौरान लखनऊ में आयोजित मुख्यमंत्री के कार्यक्रम का सजीव प्रसारण दिखाया गया। 

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए एमएलसी डॉ. प्रज्ञा त्रिपाठी ने शिक्षक दिवस की बधाई देते हुए कहा कि केन्द्र व राज्य सरकार शिक्षा के विकास हेतु दृढ़ संकल्पित है। प्रदेश के शिक्षा के विकास के लिए अनेकों योजनाएं एवं कार्यक्रम संचालित कर कायाकल्प जैसी योजनाओं के माध्यम से विद्यालयों भवनों का सुदृढ़ीकरण किया जा रहा है। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में प्रदेश सरकार नये आयाम स्थापित कर रही है। विधायक नानपारा रामनिवास वर्मा ने कहा कि भारतीय संस्कृति के विकास में गुरूजनों का अमूल्य योगदान है। शिक्षक समाज आज भी राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निर्वहन कर रहे हैं। श्री वर्मा ने भी मौजूद शिक्षकों को शिक्षा दिवस की बधाई दी।

जिलाधिकारी मोनिका रानी ने सभी को शिक्षा दिवस की बधाई देते हुए कहा कि शिक्षक द्वारा बच्चों के चरित्र निर्माण के लिए किया गया प्रयास कभी भी व्यर्थ नहीं जाता है। उन्होंने कहा कि अरबो-खरबों रूपये की लागत से निर्मित होने वाली परियोजनाएं एक न एक दिन नष्ट हो जाता है परन्तु शिक्षक द्वारा दिये गये संस्कार पीढ़ी दर पीढ़ी लोगों के लिए पथ प्रदर्शक बने रहते हैं। कार्यक्रम को सम्बोधित हुए डीएम ने अपने शिक्षक जीवनकाल के अनुभवों को साझा करते हुए शिक्षकों को गुणवत्तापरक शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अव्यक्तराम तिवारी व अन्य विभागीय अधिकारी तथा बड़ी संख्या शिक्षक-शिक्षिकाएं मौजूद रहीं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button