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राजकीय इण्टर कॉलेज कालसी में शिक्षकों एवं कर्मचारियों के रिक्त/अटैच पदों को लेकर क्षेत्रवासियों में आक्रोश

7 दिन में व्यवस्था दुरुस्त नहीं हुई तो शिक्षा विभाग के अधिकारियों के कार्यालयों पर आंदोलन की चेतावनी

जन एक्सप्रेस /उत्तराखंड :- राजकीय इण्टर कॉलेज मुधांन में विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था एवं शिक्षकों-कर्मचारियों की कमी को लेकर शनिवार को विद्यालय परिसर में राकेश उत्तराखंडी की अध्यक्षता में आयोजित शैक्षिक उन्नयन गोष्ठी एवं सार्वजनिक बैठक में क्षेत्रवासियों, अभिभावकों, जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य नागरिकों ने गंभीर चिंता व्यक्त की।

बैठक में क्षेत्रवासियों ने राकेश उत्तराखंडी के समक्ष विद्यालय की समस्याएं रखते हुए बताया कि गणित, व्यायाम एवं वरिष्ठ सहायक के पदों पर तैनात कार्मिकों के अन्यत्र अटैचमेंट/कार्य व्यवस्था के कारण विद्यालय की नियमित व्यवस्था प्रभावित हो रही है। इसके अतिरिक्त सामाजिक विज्ञान, अंग्रेजी एवं चतुर्थ श्रेणी के पद भी रिक्त बताए गए, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई एवं विद्यालय के दैनिक संचालन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।

क्षेत्रवासियों ने मांग की कि विद्यार्थियों के हित में विद्यालय में आवश्यक शिक्षक एवं कर्मचारी तत्काल उपलब्ध कराए जाएं तथा जिन कार्मिकों का अन्यत्र अटैचमेंट किया गया है, उनकी स्थिति की विभागीय स्तर पर समीक्षा कर विद्यालय की शैक्षणिक आवश्यकता के अनुरूप व्यवस्था बहाल की जाए।इस अवसर पर राकेश उत्तराखंडी ने कहा कि क्षेत्र के बच्चों की शिक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस विषय को संबंधित शिक्षा अधिकारियों के समक्ष मजबूती से उठाया जाएगा और विद्यालय के विद्यार्थियों के साथ न्याय सुनिश्चित कराने के लिए लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से संघर्ष किया जाएगा।
उन्होंने शिक्षा विभाग को 7 दिन का समय देते हुए कहा कि यदि निर्धारित अवधि में विद्यालय की शिक्षण व्यवस्था में आवश्यक सुधार नहीं किया गया तथा शिक्षकों/कार्मिकों की उपलब्धता सुनिश्चित नहीं हुई, तो क्षेत्रवासी एवं जनप्रतिनिधि चरणबद्ध आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।

राकेश उत्तराखंडी ने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर खंड शिक्षा अधिकारी कालसी, जिला शिक्षा अधिकारी देहरादून एवं मुख्य शिक्षा अधिकारी देहरादून के कार्यालयों के समक्ष धरना-प्रदर्शन एवं घेराव किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से किया जाएगा तथा इससे उत्पन्न प्रशासनिक स्थिति की जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।
उन्होंने शिक्षा विभाग से मांग की कि विद्यार्थियों के शिक्षा के अधिकार एवं शैक्षणिक हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए मामले का तत्काल संज्ञान लिया जाए और विद्यालय में आवश्यक शिक्षक एवं कर्मचारी उपलब्ध कराए जाएं।

बैठक में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं क्षेत्रवासियों ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना शासन-प्रशासन की जिम्मेदारी है। विद्यालय में लंबे समय तक पद रिक्त रहने अथवा आवश्यक कार्मिकों के अन्यत्र अटैचमेंट से विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होती है, इसलिए इस विषय पर तत्काल कार्रवाई आवश्यक है।बैठक में ग्राम प्रधान नरेश जोशी , सुभाष जोशी सुरेंद्र जोशी, माया दत्त जोशी,शुरवीर सिंह,दिनेश तोमर, जसवीर सिंह, बच्चन सिंह, सुरेंद्र दास, ग्राम प्रधान रामपुर सुनील चौहान, क्षेत्र पंचायत सदस्य, जनप्रतिनिधि, अभिभावक, विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्य, शिक्षक गण एवं बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी व गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

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