
जन एक्सप्रेस / विकासनगर: त्यूनी स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में लंबे समय से महिला डॉक्टर की तैनाती न होने के कारण क्षेत्र की महिलाओं को स्वास्थ्य सेवाओं के लिए भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। महिलाओं को इलाज के लिए रोहडू और विकासनगर के अस्पतालों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
ग्रामीण महिलाओं और स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने कई बार शासन और प्रशासन से महिला डॉक्टर की नियुक्ति की मांग की, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय निवासी रामलाल सेमवाल, आत्माराम शर्मा और विजयपाल ने बताया कि कांग्रेस और भाजपा दोनों सरकारों के कार्यकाल में यह मांग लगातार उठाई गई, लेकिन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में महिला चिकित्सक की तैनाती नहीं हो सकी।
ग्रामीणों के अनुसार महिला डॉक्टर की अनुपलब्धता के कारण स्त्री रोग, गर्भावस्था और अन्य महिला स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के उपचार में गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। कई महिलाओं को सामान्य जांच और परामर्श के लिए भी लंबी दूरी तय करनी पड़ती है।
इस संबंध में चिकित्सा अधिकारी (परिवार कल्याण) डॉ. नरेंद्र राणा ने बताया कि महिला डॉक्टर की तैनाती के लिए उनके स्तर से कई बार शासन को प्रस्ताव भेजा जा चुका है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही इस दिशा में सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा।
ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र की महिलाओं की स्वास्थ्य सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र त्यूनी में शीघ्र महिला डॉक्टर की नियुक्ति की जाए, ताकि स्थानीय महिलाओं को बेहतर और समय पर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।




