कानपुर कचहरी में लगातार तीसरे बुधवार अधिवक्ताओं की हड़ताल, न्यायिक कार्य प्रभावित

कानपुर से विवेक पांडे की रिपोर्ट
जन एक्सप्रेस / कानपुर: कानपुर कचहरी परिसर में अधिवक्ताओं का कार्य बहिष्कार लगातार तीसरे बुधवार भी जारी रहा। प्रांतीय सम्मेलन के बाद अधिवक्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर बुधवार को न्यायिक कार्य से दूरी बनाए रखी। कार्य बहिष्कार के चलते कचहरी में मुकदमों की सुनवाई समेत अन्य न्यायिक गतिविधियां प्रभावित रहीं। वहीं, विभिन्न मामलों की सुनवाई के लिए कचहरी पहुंचे वादकारियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।
अधिवक्ताओं का कहना है कि उनकी मांगों को लेकर आंदोलन जारी है और जब तक संबंधित मांगों पर समाधान नहीं होता, तब तक प्रत्येक बुधवार को कार्य बहिष्कार किया जाएगा। लगातार तीसरे बुधवार को भी बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं ने कार्य बहिष्कार में हिस्सा लिया।
लगातार तीसरे बुधवार कार्य बहिष्कार
प्रांतीय सम्मेलन के बाद कानपुर कचहरी में अधिवक्ताओं का यह लगातार तीसरा बुधवार है, जब न्यायिक कार्य से दूरी बनाई गई। कार्य बहिष्कार के कारण कचहरी परिसर में सामान्य दिनों की तुलना में न्यायिक गतिविधियां प्रभावित दिखाई दीं।
मुकदमों की सुनवाई और अन्य न्यायिक प्रक्रियाओं के लिए कचहरी पहुंचे लोगों को भी अधिवक्ताओं के कार्य बहिष्कार के कारण दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई वादकारियों को अपने मामलों की सुनवाई और अगली कार्रवाई के लिए इंतजार करना पड़ा।
मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने का ऐलान
बार एसोसिएशन कानपुर के महामंत्री विनय मिश्रा ने कहा कि अधिवक्ताओं की मांगें पूरी होने तक प्रत्येक बुधवार को कार्य बहिष्कार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता अपनी मांगों को लेकर लगातार आवाज उठा रहे हैं और आंदोलन के माध्यम से संबंधित स्तर पर अपनी बात पहुंचाई जा रही है।
विनय मिश्रा के मुताबिक, इस आंदोलन को उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों के अधिवक्ताओं का भी समर्थन मिल रहा है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश के विभिन्न जिलों में अधिवक्ता अपनी मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार और अन्य माध्यमों से विरोध दर्ज करा रहे हैं।
कचहरी में प्रभावित रहा न्यायिक कामकाज
लगातार तीसरे बुधवार को अधिवक्ताओं के कार्य बहिष्कार के कारण कानपुर कचहरी में न्यायिक कामकाज प्रभावित रहा। हालांकि, कचहरी परिसर में वादकारी और अन्य लोग अपने-अपने मामलों से संबंधित कार्यों के लिए पहुंचे।
अधिवक्ताओं के आंदोलन के चलते मुकदमों की सुनवाई और न्यायिक प्रक्रिया से जुड़े कामों पर असर पड़ा। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि मांगों के समाधान तक प्रत्येक बुधवार को कार्य बहिष्कार का सिलसिला जारी रहेगा।
अधिवक्ताओं ने एकजुटता दिखाई
कार्य बहिष्कार के दौरान अधिवक्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर एकजुटता दिखाई। उनका कहना है कि आंदोलन का उद्देश्य अपनी मांगों को संबंधित अधिकारियों और शासन तक पहुंचाना है।
अधिवक्ताओं के मुताबिक, प्रदेश के अन्य जिलों में भी इस मुद्दे को लेकर गतिविधियां चल रही हैं। कानपुर में लगातार तीसरे बुधवार कार्य बहिष्कार के बाद अब सभी की नजरें इस बात पर हैं कि अधिवक्ताओं की मांगों को लेकर आगे क्या कदम उठाया जाता है।
बार एसोसिएशन की ओर से कहा गया है कि जब तक मांगों पर समाधान नहीं होता, आंदोलन को जारी रखा जाएगा। इस दौरान कचहरी आने वाले वादकारियों को होने वाली परेशानी भी एक महत्वपूर्ण मुद्दा बनी हुई है।
कार्यक्रम और आंदोलन से जुड़े घटनाक्रम पर अधिवक्ताओं की ओर से आगे की रणनीति के बारे में जानकारी दी जाएगी।






