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राष्ट्रीय स्मारक घोषित नहीं करेगी तो राज्य सरकार कराएगी विकास कार्य: मुख्यमंत्री

प्रतापगढ़ । मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि राज्य की जनकल्याणकारी योजनाओं की पूरे देश में सराहना हो रही है। प्रत्येक वर्ग और हर क्षेत्र के सर्वांगीण विकास से राजस्थान देश का मॉडल स्टेट बन गया है। जनता की भावना के अनुरूप ही राज्य सरकार ने योजनाएं लागू कर आमजन को राहत पहुंचाई है। आगे भी किसी तरह की कमी नहीं रखी जाएगी।

गहलोत रविवार को प्रतापगढ़ के लुहारिया गांव में 50.74 करोड़ रुपये के विकास कार्यों के शिलान्यास और लोकार्पण समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा प्रतापगढ़, जालोर, राजसमंद में मेडिकल कॉलेज खोलने से मना कर दिया गया था। इस पर राज्य सरकार स्वयं इन जिलों में कॉलेज स्थापित करा रही है। प्रतापगढ़ जिले के मेडिकल कॉलेज की स्वीकृति दे दी गई है। नर्सिंग कॉलेज का निर्माण भी शुरू हो गया है।

मानगढ़ को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करे केंद्र सरकार

मुख्यमंत्री ने कहा कि मानगढ़ धाम को राष्ट्रीय महत्व का स्मारक घोषित कराने की दिशा में भी राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है। केंद्र सरकार से मानगढ़ धाम को राष्ट्रीय स्मारक घोषित कराने के लिए बार-बार आग्रह किया गया, लेकिन हाल ही में प्रधानमंत्री ने अपने दौरे में भी इसकी घोषणा नहीं की। ऐसे में केंद्र सरकार द्वारा मना किए जाने पर राज्य सरकार राज्य निधि से मानगढ़ में विकास कार्य कराएगी।

प्रतापगढ़ में खोले सात कॉलेज

गहलोत ने कहा कि राज्य सरकार ने साढ़े चार वर्षों में 303 कॉलेज खोले हैं। इनमें जिले के युवाओं के लिए ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए सात महाविद्यालय खोले गए हैं। साथ ही जिले में 70 नवीन ग्राम पंचायतों का गठन किया गया। उन्होंने कहा कि प्रतापगढ़ जिले का विकास हमारी जिम्मेदारी है।

एससी-एसटी विकास कोष में 500 करोड़ रुपये का प्रावधान

मुख्यमंत्री ने कहा कि आदिवासी क्षेत्र में विकास के लिए प्रतिबद्ध राज्य सरकार ने किसी भी स्तर पर कमी नहीं रखी है। अनुसूचित जाति-जनजाति विकास कोष की राशि 100-100 करोड़ रुपए से बढ़ाकर 500-500 करोड़ रुपए करने का प्रावधान किया गया है। इससे उनका सर्वांगीण विकास हो सकेगा।

मुख्यमंत्री ने लुहारिया गांव में महंगाई राहत कैंप और प्रशासन गांवों के संग अभियान के तहत आयोजित शिविर का अवलोकन किया। उन्होंने लाभार्थियों को योजनाओं के गारंटी कार्ड सौंपकर उनसे संवाद किया और मिल रहे लाभ का फीडबैक भी लिया। इस अवसर पर विभिन्न कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने पुरानी पेंशन योजना और कार्मिक हितों में लिए गए निर्णयों के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।

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