ममता बनर्जी आज सुप्रीम कोर्ट में, SIR के खिलाफ खुद रखेंगी दलील
पहली बार कोई मौजूदा मुख्यमंत्री शीर्ष अदालत में स्वयं वकील बनकर पेश होंगी, करोड़ों मतदाताओं के अधिकारों से जुड़ा मामला

जन एक्सप्रेस/नई दिल्ली: आज का दिन भारतीय राजनीति और न्यायिक इतिहास में एक अहम मोड़ के रूप में दर्ज होने जा रहा है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी आज स्वयं वकील की भूमिका में सुप्रीम कोर्ट में पेश होकर चुनाव आयोग (ECI) के SIR के खिलाफ दलीलें रखेंगी। सूत्रों और आधिकारिक बयानों के मुताबिक, यह पहली बार होगा जब किसी मौजूदा मुख्यमंत्री द्वारा शीर्ष अदालत में किसी संवैधानिक मुद्दे पर अपनी पैरवी खुद की जाएगी। मामला करोड़ों बंगालियों के मताधिकार से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसे लेकर राज्य सरकार ने गंभीर आपत्ति दर्ज कराई है।
तृणमूल कांग्रेस का कहना है कि SIR के ज़रिये राज्य के मतदाताओं के अधिकारों पर सीधा असर पड़ सकता है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इसे “लोकतंत्र और संविधान की आत्मा की लड़ाई” करार दिया है। राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, अगर ममता बनर्जी खुद अदालत में दलील रखती हैं, तो यह न सिर्फ एक कानूनी कदम होगा बल्कि एक बड़ा राजनीतिक संदेश भी होगा—कि वह बंगाल के हर वोट की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं। सुप्रीम कोर्ट में आज की सुनवाई पर पूरे देश की नज़रें टिकी हुई हैं, क्योंकि इसका असर आने वाले चुनावी और संवैधानिक विमर्श पर दूरगामी हो सकता है।






