उत्तर प्रदेशटॉप न्यूज़ट्रेंडिंगलखनऊ

सिविल अस्पताल बना भ्रष्टाचार का अड्डा! वार्ड बॉय से लैब टेस्ट, ऑपरेटर से एलटी… मरीज भगवान भरोसे!

जन एक्सप्रेस लखनऊ रिपोर्ट: विशेष संवाददाता: सिविल अस्पताल में मरीजों की जान अब राम भरोसे है! ऐसा तब महसूस होता है जब पैथोलॉजी जैसी संवेदनशील जगह पर वार्ड बॉय से एलटी (ब्लड टेस्ट) कराया जा रहा है। एलटी विभाग में ट्रेनिंग न पाने वाले लोग सिस्टम चला रहे हैं और जिनकी जिम्मेदारी मरीजों की देखभाल की है, वो कंप्यूटर पर ‘सिस्टम’ चला रहे हैं!

राजकुमार, जो कि अस्पताल में कंप्यूटर ऑपरेटर है, एलटी एक्सपर्ट बन बैठा है। वहीं प्रेमलता महिला, जो वार्ड इंचार्ज हैं, वो भी एलटी विभाग का काम देख रही हैं। सवाल ये उठता है कि जब पेशेवर लोग हटा दिए जाएंगे और गैर प्रशिक्षित कर्मचारी तकनीकी काम करेंगे, तो मरीजों की जान की कीमत कौन चुकाएगा?

मरीज गोविंद ने खुद कहा कि “यहां सब राम भरोसे चल रहा है। जब जांच वार्ड बॉय करेगा तो सोचिए रिपोर्ट कितनी सही होगी!”

इतना ही नहीं, सिविल अस्पताल में दलालों का साम्राज्य भी फल-फूल रहा है। शिवकुमार चौरसिया नाम का एक कथित दलाल खुलेआम मरीजों से पैसे वसूल कर रहा है। कहते हैं, बगैर चौरसिया को चढ़ावा चढ़ाए यहां इलाज भी नहीं मिलता! हर किसी की जेब पर हाथ और मरीजों की तकलीफ पर व्यापार – यही सच्चाई है इस सरकारी अस्पताल की। प्रशासन बना मूकदर्शक, जैसे कोई तमाशा देख रहा हो। सिस्टम की नाकामी और लापरवाही ने इस अस्पताल को मौत का कुआं बना दिया है।

जनता पूछ रही है –

क्या अब अस्पतालों में सिर्फ जुगाड़ से काम होगा? कब जागेगा प्रशासन? मरीजों की जिंदगी से खिलवाड़ कब रुकेगा? जांच हो, कार्रवाई हो – और हो जवाबदेही!

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button